PM मोदी ने चक्रवात ‘दितवाह’ से तबाही के बाद श्रीलंकाई राष्ट्रपति से की बात, हर संभव मदद का दिया भरोसा: ‘सागर बंधु’ के तहत भेजी दवाइयाँ-भोजन-पेयजल राहत सामग्री

श्रीलंका के कोलंबो में चक्रवात ‘दितवाह’ से श्रीलंका में भारी तबाही मची है। तेज हवाओं और मूसलाधार बारिश ने जनजीवन अस्त-व्यस्त कर दिया है। इस मुश्किल घड़ी में भारत सबसे पहले मदद का हाथ बढ़ाने वाला देश बना है। सोमवार (1 दिसंबर 2025) को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने श्रीलंका के राष्ट्रपति अनुरा कुमारा दिसनायके से फोन पर बात की।

पीएम मोदी ने जान-माल के नुकसान पर गहरी संवेदना व्यक्त की। उन्होंने साफ कहा कि भारत इस कठिन समय में श्रीलंका के साथ मजबूती से खड़ा है। भारत राहत, बचाव और पुनर्वास में पूरी प्रतिबद्धता से सहयोग करेगा।

‘ऑपरेशन सागर बंधु’ के तहत पहुँची मदद

भारत ने तुरंत राहत दल और सामग्री श्रीलंका भेजी है। दवाइयाँ, भोजन, पेयजल, अस्थायी आश्रय सामग्री और जीवनरक्षक उपकरण लगातार पहुँचाए जा रहे हैं। पीएम मोदी ने बताया कि ‘ऑपरेशन सागर बंधु’ के तहत राहत कार्य जारी रहेगा।

भारतीय नौसेना, NDRF और मेडिकल टीमें स्थानीय एजेंसियों के साथ मिलकर काम कर रही हैं। तटीय गाँवों से लोगों को सुरक्षित निकाला गया है।

श्रीलंका ने जताया आभार

राष्ट्रपति दिसनायके ने भारत की त्वरित और प्रभावी सहायता के लिए PM मोदी का आभार जताया। उन्होंने कहा कि भारतीय टीमों की समय पर तैनाती से जनहानि कम करने में मदद मिली। भारत ने एक बार फिर दोस्ती और भरोसे की मिसाल पेश की है। भारत पुनर्वास और आजीविका को पटरी पर लाने में भी व्यापक सहयोग करेगा। यह मानवीय कदम दोनों देशों की मजबूत साझेदारी को दिखाता है।