पश्चिमी लंदन (Western London) से यौन शोषण का एक बेहद परेशान करने वाला मामला सामने आया है, जहाँ एक 14 वर्षीय सिख लड़की को पाकिस्तानी ग्रूमिंग गैंग ने अपने जाल में फँसा लिया और कई दिनों तक एक फ्लैट में बंधक बनाकर रखा। इस दौरान लड़की को उसके परिवार से पूरी तरह अलग कर दिया गया और पाँच से छह पुरुषों द्वारा बार-बार उसके साथ सामूहिक दुष्कर्म किया गया।
पीड़ित लड़की की यह दर्दनाक आपबीती और कैद तब खत्म हुई, जब सिख समुदाय के सदस्य इस मामले में आगे आए और उनके कड़े हस्तक्षेप के बाद उसे उनके चंगुल से छुड़ाया गया।
ਪਾਕਿਸਤਾਨੀ ਨੇ ਸਿੱਖ ਕੁੜੀ ਨੂੰ ਅਗਵਾ ਕਰਕੇ ਕੀਤਾ ਜਿ/ਣ/ਸੀ ਸ਼ੋ/ਸ਼/ਣ! ਖ਼ਬਰ ਮਿਲਦੇ ਹੀ ਮੌਕੇ 'ਤੇ ਪਹੁੰਚ ਗਏ 200 ਤੋਂ ਵਧ ਸਿੱਖ, ਚੁੰਗਲ 'ਚੋਂ ਛੁਡਾਈ ਕੁੜੀ LIVE#Pakistan #SikhGirl #London #Sikh pic.twitter.com/BPR6lItt9Q
— Jagbani (@JagbaniOnline) January 13, 2026
बचाव कार्य में शामिल लोगों के मुताबिक, उस किशोरी ने उस फ्लैट से भागने की कई बार कोशिश की थी। लेकिन हर बार उसे डरा-धमका कर चुप करा दिया गया। उसे भागने से रोकने के लिए आखिरकार एक कमरे के अंदर बंद कर दिया गया था। लड़की ने बाद में बताया कि उसे उसकी मर्जी के खिलाफ उस फ्लैट में ले जाया गया था और वहां उसके साथ बार-बार गलत काम (शोषण) किया गया। उसे अपने काबू में रखने के लिए अगवा करने वालों ने डर और हिंसा का सहारा लिया।
पुलिस ने कॉल को किया नजरअंदाज, निराज सिखों ने फ्लैट को घेरा
जब सिख समुदाय के लोगों को लड़की की हालत के बारे में पता चला, तो मामला काफी गंभीर हो गया। लोगों का कहना है कि इस बारे में पुलिस से शिकायत की गई थी, लेकिन उनकी तरफ से तुरंत कोई कार्रवाई नहीं हुई। पुलिस की इस अनदेखी से परेशान होकर और लड़की की सुरक्षा को लेकर चिंतित पश्चिमी लंदन के सिख भारी संख्या में उस फ्लैट के बाहर इकट्ठा होने लगे, जहाँ लड़की को कैद करके रखा गया था।
This is I believe is related to the man being confronted. Members of the Sikh community gather outside the man's home in Hounslow, London.
— David Atherton (@DaveAtherton20) January 12, 2026
He is called a PDF file. pic.twitter.com/UV6JC783xc
जो शुरुआत में कुछ लोगों का एक छोटा सा समूह था, वह जल्द ही 200 से ज्यादा लोगों की भारी भीड़ में बदल गया। कई घंटों तक इन लोगों ने पूरी इमारत को घेरे रखा और चिल्ला-चिल्लाकर लड़की को आजाद करने की माँग करते रहे। आखिर में यह भारी दबाव काम आया। घंटों तक चले हंगामे और जनता के भारी गुस्से के बाद, आखिरकार उस लड़की को उस फ्लैट से रिहा कर दिया गया।
फ्लैट से बचाई गई पीड़िता का खुलासा, सिख समुदाय में गुस्सा और चिंता
किशोरी ने समुदाय के सदस्यों को बताया कि उसे लंबे समय तक कैद में रखा गया था। उसने विस्तार से बताया कि कैसे पहले एक शख्स ने उसे अपने जाल में फँसाया और फिर वह दूसरे लोगों को भी वहाँ ले आया, जिन्होंने उसके साथ दरिंदगी की। लड़की ने बताया कि जब उसे समझ आया कि उसके साथ क्या हो रहा है और उसने भागने की कोशिश की, तो उसे कमरे में बंद कर दिया गया और जान से मारने की धमकी दी गई। उसकी ये बातें सुनकर उसे बचाने वाले लोग दंग रह गए और उनके बीच भारी गुस्सा भर गया।
इलाके के कई सिखों का कहना है कि यह कोई इकलौता मामला नहीं है। उनका मानना है कि पश्चिमी लंदन के कुछ हिस्सों में युवा लड़कियों को नियमित रूप से निशाना बनाया जा रहा है और उनका शोषण किया जा रहा है। माता-पिता ने डर और गुस्सा जाहिर करते हुए कहा है कि उनकी बेटियां अब सुरक्षित नहीं हैं। समुदाय के सदस्यों का दावा है कि उन्होंने ऐसे कई मिलते-जुलते मामलों के बारे में सुना है, लेकिन बहुत कम मामलों में कोई ठोस नतीजा या कार्रवाई सामने आती है।
इन अपराधों की जानकारी रखने वाले लोगों का कहना है कि ग्रूमिंग गैंग आमतौर पर 11 से 16 साल की उन लड़कियों को निशाना बनाते हैं, जो गरीब या अस्थिर बैकग्राउंड से आती हैं। वे ऐसी लड़कियों की तलाश में रहते हैं जो खुद को अकेला महसूस करती हैं, इंटरनेट पर बहुत ज्यादा समय बिताती हैं या स्कूल से अक्सर गायब रहती हैं। इन गैंग का काम करने का तरीका बहुत ही धीमी और सोची-समझी साजिश जैसा होता है। वे पहले लड़कियों को दोस्ती, प्यार, महँगे तोहफे और शादी का लालच देकर फँसाते हैं।
एक बार जब लड़की का भरोसा जीत लिया जाता है, तो उसे उसके परिवार और दोस्तों से पूरी तरह अलग कर दिया जाता है। इसके बाद ही असली शोषण का खेल शुरू होता है। अगर लड़की भागने या विरोध करने की कोशिश करती है, तो उसे डराया-धमकाया जाता है और ब्लैकमेल किया जाता है। यहाँ तक कि उसे गंभीर चोट पहुँचाने या जान से मारने की धमकियाँ भी दी जाती हैं। कई मामलों में तो इन लड़कियों को अलग-अलग फ्लैटों और होटलों में ले जाया जाता है और पैसों के लिए उनका गलत इस्तेमाल (धंधा) किया जाता है।

