Team India ने अंग्रेजों को हराकर छठी बार जीती U-19 वर्ल्ड कप की ट्रॉफी, वैभव सूर्यवंशी ने खेली 175 रनों की तूफानी पारी: इंग्लैंड को 100 रनों से हराया

जिम्बाब्वे के हरारे स्पोर्ट्स क्लब में शुक्रवार (6 फरवरी 2026) को खेला गया ICC अंडर-19 वर्ल्ड कप फाइनल भारत के नाम रहा। भारतीय टीम ने इंग्लैंड को 100 रनों से हराकर रिकॉर्ड छठी बार खिताब अपने नाम किया। भारत ने इससे पहले 2000, 2008, 2012, 2018 और 2022 में यह ट्रॉफी जीती थी। यह भारत का लगातार छठा और कुल 10वाँ फाइनल था।

कप्तान आयुष म्हात्रे ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी चुनी। भारत की शुरुआत अच्छी नहीं रही और आरोन जॉर्ज महज 9 रन बनाकर आउट हो गए। इसके बाद वैभव सूर्यवंशी और आयुष म्हात्रे ने पारी को संभाला। दोनों ने दूसरा विकेट के लिए बड़ी साझेदारी की। आयुष 53 रन बनाकर आउट हुए, लेकिन वैभव ने ताबड़तोड़ बल्लेबाजी जारी रखी।

वैभव ने सिर्फ 55 गेंदों में शतक पूरा किया और 71 गेंदों में 150 रन तक पहुँच गए। अपनी पारी में उन्होंने 15 चौके और 15 छक्के जड़े। 80 गेंदों पर 175 रन बनाकर आउट हुए। बाद में अभिज्ञान कुंडू (40), कनिष्क चौहान (37 नाबाद), वेदांत त्रिवेदी (32) और विहान मल्होत्रा (30) ने उपयोगी योगदान दिया। भारत ने 50 ओवर में 411/9 रन बनाए।

टारगेट का पीछा करने उतरी इंग्लैंड की शुरुआत खराब रही। जोसेफ मूर्स (17) जल्दी आउट हो गए। बेन मेस (45) और बेन डॉकिन्स (66) ने कुछ संघर्ष किया, लेकिन नियमित अंतराल पर विकेट गिरते रहे। राल्फी अल्बर्ट (0), फरहान अहमद (1) और सेबेस्टियन मॉर्गन (0) फ्लॉप रहे।

कालेब फाल्कनर ने अकेले लड़ाई लड़ी और 67 गेंदों में 9 चौके व 7 छक्के लगाते हुए 115 रन बनाए। जेम्स मिंटो ने 28 रनों का साथ दिया। लेकिन आरएस अम्बरीश (3 विकेट), दीपेश देवेंद्रन और कनिष्क चौहान (दो-दो विकेट) की घातक गेंदबाजी के आगे इंग्लैंड 40.2 ओवर में 311 रन पर सिमट गई।

इस जीत के साथ भारतीय अंडर-19 टीम ने अपना दबदबा कायम रखा। वैभव सूर्यवंशी की विस्फोटक पारी टूर्नामेंट की सबसे यादगार पारियों में शामिल हो गई। भारत ने फाइनल में 412 रनों का विशाल स्कोर खड़ा कर इंग्लैंड को पूरी तरह पस्त कर दिया।