रूस ने अपने डिजिटल स्पेस को सुरक्षित बनाने और स्थानीय प्लेटफॉर्म्स को बढ़ावा देने के लिए व्हाट्सएप (WhatsApp) पर शिकंजा कस दिया है। बुधवार (11 फरवरी 2026) को सामने आई जानकारी के अनुसार, रूसी अधिकारियों ने व्हाट्सएप को पूरी तरह ब्लॉक करने की दिशा में कदम उठाए हैं।
इसका उद्देश्य करीब 10 करोड़ यूजर्स को रूस के अपने स्वदेशी ऐप ‘MAX’ की तरफ ले जाना है। क्रेमलिन के प्रवक्ता दिमित्री पेसकोव ने साफ कर दिया है कि अगर व्हाट्सएप को रूस में काम करना है, तो उसे देश के कानूनों का पालन करना होगा। उन्होंने कहा कि मेटा (Meta) अगर बातचीत और नियमों के लिए तैयार होती है, तभी कोई समझौता मुमकिन है।

रूस की संचार एजेंसी रोसकोमनादजोर ने व्हाट्सएप को अपनी आधिकारिक सर्विस रजिस्ट्री से भी हटा दिया है। दरअसल, रूसी अधिकारियों का आरोप है कि विदेशी टेक कंपनियाँ स्थानीय कानूनों को मानने और डेटा साझा करने में सहयोग नहीं कर रही हैं।
यह कदम सुरक्षा और धोखाधड़ी रोकने के लिहाज से अहम माना जा रहा है। वहीं, व्हाट्सएप का दावा है कि वह यूजर्स को जोड़े रखने की कोशिश कर रहा है, लेकिन नई पाबंदियों से मुश्किलें बढ़ गई हैं।

