दिल्ली में 7 प्रधानमंत्री, 8 राष्ट्रपति, 3 उपराष्ट्रपति और 2 क्राउन प्रिंस: इंडिया AI इम्पैक्ट समिट का PM मोदी करेंगे उद्घाटन, दुनिया के टॉप टेक लीडर्स होंगे शामिल

नई दिल्ली में अगले हफ्ते होने जा रहा इंडिया AI इम्पैक्ट समिट 2026 वैश्विक स्तर पर आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) के क्षेत्र में एक ऐतिहासिक आयोजन बनने जा रहा है। भारत सरकार के इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय (MeitY) द्वारा इंडिया AI मिशन के तहत आयोजित इस समिट में दुनिया भर के शीर्ष नेता, नीति-निर्माता, टेक कंपनियों के CEO और इनोवेटर्स एक मंच पर जुटेंगे।

20 वैश्विक नेता होंगे शामिल, 100 से अधिक देशों की भागीदारी

यह समिट 16 से 20 फरवरी 2026 तक नई दिल्ली के प्रगति मैदान स्थित भारत मंडपम में आयोजित होगा। विदेश मंत्रालय के अनुसार, इस आयोजन में कुल 20 विश्व नेता भाग लेंगे, जिनमें 7 प्रधानमंत्री, 8 राष्ट्रपति, 3 उपराष्ट्रपति और 2 क्राउन प्रिंस शामिल हैं।

भूटान, क्रोएशिया, फिनलैंड, ग्रीस, कजाखस्तान, मॉरीशस और नीदरलैंड्स के प्रधानमंत्री इसमें भाग लेंगे। वहीं ब्राजील, एस्टोनिया, फ्रांस, सर्बिया, स्लोवाकिया, स्पेन, श्रीलंका और स्विट्ज़रलैंड के राष्ट्रपति भी समिट में मौजूद रहेंगे। बोलीविया, गुयाना और सेशेल्स का प्रतिनिधित्व उनके उपराष्ट्रपति करेंगे।

इसके अलावा लिकटेंस्टाइन और संयुक्त अरब अमीरात (UAE) के क्राउन प्रिंस भी इस वैश्विक सम्मेलन में शिरकत करेंगे। फ्रांस के राष्ट्रपति सहित कई प्रमुख यूरोपीय नेता भी इस समिट में भाग लेने आ रहे हैं। यह ग्लोबल साउथ में आयोजित होने वाला पहला वैश्विक AI समिट है, जो तकनीक के जरिए समावेशी और जिम्मेदार विकास को बढ़ावा देने पर केंद्रित होगा।

‘सर्वजन हिताय, सर्वजन सुखाय’ थीम पर आधारित होगा समिट

समिट की थीम ‘सर्वजन हिताय, सर्वजन सुखाय- वेलफेयर फॉर ऑल, हैप्पीनेस फॉर ऑल’ रखी गई है, जो तीन सूत्रों, पीपल, प्लैनेट और प्रोग्रेस पर आधारित है। यह प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की उस सोच के अनुरूप है, जिसमें तकनीक को जनकल्याण का माध्यम बनाया गया है।

इस समिट में स्वास्थ्य, कृषि, शिक्षा, ऊर्जा, जलवायु परिवर्तन और सतत विकास जैसे क्षेत्रों में AI के उपयोग पर विशेष जोर दिया जाएगा। उद्देश्य यह है कि AI तकनीक को सुरक्षित, नैतिक, सुलभ और समावेशी बनाकर वैश्विक दक्षिण के देशों तक इसके लाभ पहुँचाए जा सकें।

समिट के दौरान सात प्रमुख ‘चक्रों’ यानी प्राथमिक क्षेत्रों पर चर्चा होगी, जिनमें मानव संसाधन विकास, सामाजिक सशक्तिकरण के लिए समावेशन, सुरक्षित और भरोसेमंद एआई, लचीलापन, नवाचार और दक्षता, विज्ञान, AI संसाधनों का लोकतंत्रीकरण तथा आर्थिक विकास और सामाजिक भलाई के लिए AI शामिल हैं।

टेक दिग्गजों की मौजूदगी, 35 हजार से ज्यादा रजिस्ट्रेशन

इस मेगा इवेंट में दुनिया की बड़ी टेक कंपनियों के CEO और इंडस्ट्री लीडर्स भी हिस्सा लेंगे। इनमें गूगल के सुंदर पिचाई, ओपन AI के सैम ऑल्टमैन, मेटा के एलेक्ज़ेंडर वांग, एनवीडिया के जेन्सन हुआंग, गूगल डीपमाइंड के डेमिस हासाबिस, एंथ्रोपिक के डारियो अमोडेई और क्वालकॉम के क्रिस्टियानो एमोन जैसे नाम शामिल हैं।

इसके अलावा मिस्त्राल AI, एरिक्सन, सेल्सफोर्स इंडिया सहित कई अन्य बड़ी कंपनियों के प्रतिनिधि भी समिट में मौजूद रहेंगे। समिट को लेकर वैश्विक स्तर पर जबरदस्त उत्साह देखने को मिल रहा है। अब तक 35,000 से अधिक रजिस्ट्रेशन हो चुके हैं, 100 से ज्यादा देशों के प्रतिनिधि इसमें हिस्सा लेंगे और 300 से अधिक एग्जिबिटर अपने AI समाधान प्रदर्शित करेंगे।

इस दौरान इंडिया AI इम्पैक्ट एक्सपो 2026 भी आयोजित होगा, जिसमें वैश्विक भलाई के लिए विकसित AI समाधानों की झलक देखने को मिलेगी। पीएम मोदी इस ऐतिहासिक समिट का उद्घाटन और इसके प्रमुख सत्रों की अध्यक्षता करेंगे। माना जा रहा है कि यह आयोजन भारत को वैश्विक AI नेतृत्व के केंद्र में स्थापित करने की दिशा में एक बड़ा कदम साबित होगा।