उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ बुधवार (25 फरवरी 2026) को दो दिवसीय जापान दौरे पर टोक्यो पहुँचे। इस यात्रा का मुख्य उद्देश्य उत्तर प्रदेश में निवेश आकर्षित करना और औद्योगिक विकास को गति देना है।
टोक्यो पहुँचने के तुरंत बाद मुख्यमंत्री ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर संदेश साझा करते हुए जापान को उगते सूरज की अभिनव धरती कहा और भगवान श्री राम की पावन भूमि उत्तर प्रदेश की ओर से शुभकामनाएँ दी।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ टोक्यो में आयोजित उत्तर प्रदेश इन्वेस्टमेंट रोडशो में भाग लेने के लिए जापान पहुँचे हैं, जहाँ वे निवेशकों से मुलाकात कर प्रदेश में उद्योग और निवेश के अवसरों को बढ़ावा देंगे।
Landed in Tokyo, Japan
— Yogi Adityanath (@myogiadityanath) February 25, 2026
उगते सूरज की नवोन्मेषी भूमि को प्रभु श्री राम की पावन धरा के 'आदित्य' का नमस्कार… pic.twitter.com/at6T8nyuTn
जापान की राजधानी टोक्यो पहुँचने पर उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का औपचारिक स्वागत किया गया। उनका स्वागत यामानाशी प्रांत के उप-राज्यपाल जुनिची इशिदेरा ने किया। इस अवसर पर जापान में भारत की राजदूत नगमा एम मलिक और भारतीय समुदाय के सदस्य भी उपस्थित रहे।
उत्तर प्रदेश इन्वेस्टमेंट रोडशो के दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने जापान के बड़े उद्योगपतियों और कारोबारी नेताओं के साथ कई अहम बैठकें कीं। इन बैठकों का उद्देश्य उत्तर प्रदेश में नई निवेश संभावनाओं को तलाशना और साझेदारी को मजबूत करना रहा।
उनकी प्रमुख मुलाकातों में मित्सुई एंड कंपनी के इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स बिजनेस यूनिट के मैनेजिंग ऑफिसर और चीफ ऑपरेटिंग ऑफिसर काजुकी शिमिजु तथा कंपनी के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ हुई चर्चा शामिल रही, जिसमें प्रदेश में बुनियादी ढाँचा परियोजनाओं में सहयोग और निवेश पर बातचीत हुई।
Land of the Rising Sun, जापान में आयोजित Uttar Pradesh Investment Roadshow में आज प्रतिष्ठित इंडस्ट्री लीडर्स से सार्थक संवाद कर उन्हें 'नए उत्तर प्रदेश' में निवेश हेतु आमंत्रित किया।
— Yogi Adityanath (@myogiadityanath) February 25, 2026
आज 'नया उत्तर प्रदेश' बीमारू नहीं, बल्कि भारत की इकोनॉमी का ब्रेकथ्रू बनकर देश के विकास में… pic.twitter.com/n2yfHOMXWd
क्या हुआ बैठक में
बैठकों में मित्सुई एंड कंपनी को उत्तर प्रदेश में निवेश की संभावनाओं पर विचार करने के लिए प्रोत्साहित किया गया, विशेषकर नवीकरणीय ऊर्जा, सूचना एवं संचार प्रौद्योगिकी (ICT), सेमीकंडक्टर और डाटा सेंटर जैसे क्षेत्रों में, जो राज्य के तेजी से बढ़ते औद्योगिक विस्तार से जुड़े हुए हैं।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि वार्ता के दौरान बुनियादी ढाँचा विकास, लॉजिस्टिक्स नेटवर्क और औद्योगिक परियोजनाओं में सहयोग पर भी चर्चा हुई। इन पहलों से उत्तर प्रदेश के ग्रोथ कॉरिडोर को मजबूती मिलेगी और राज्य को वैश्विक आपूर्ति श्रृंखलाओं (ग्लोबल सप्लाई चेन) से अधिक प्रभावी ढंग से जोड़ा जा सकेगा।
अधिकारियों ने बैठक को सकारात्मक और भविष्य उन्मुख बताया तथा इसे भारत-जापान के बढ़ते आर्थिक सहयोग का महत्वपूर्ण संकेत माना।
Met with Mr. Shigeki Tanabe, Senior Managing Executive Officer, Executive General Manager, Sales Management Division/In charge of Domestic Business, Konoike Transport Co., Ltd., along with his team in Tokyo today.
— Yogi Adityanath (@myogiadityanath) February 25, 2026
Discussed expanding Konoike’s presence in Uttar Pradesh across… pic.twitter.com/mGRo3SRcy5
शिगेकी से उत्तर प्रदेश में निवेश की चर्चा
टोक्यो में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शिगेकी तनबी, जो कोनोइक ट्रांसपोर्ट कंपनी लिमिटेडके सीनियर अधिकारी हैं, उनसे मुलाकात की। इस बैठक में उत्तर प्रदेश में लॉजिस्टिक्स पार्क, वेयरहाउस (गोदाम) और मल्टीमॉडल ट्रांसपोर्ट सिस्टम (यानी सड़क, रेल और अन्य माध्यमों से जुड़े ट्रांसपोर्ट नेटवर्क) को बढ़ाने पर बात हुई। कंपनी राज्य में अपना काम बढ़ाने को लेकर चर्चा कर रही है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तर प्रदेश की लोकेशन और तेजी से बढ़ता उद्योग जगत निवेशकों के लिए बड़ा मौका है। उन्होंने बताया कि राज्य सीधे डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर (DFC) से जुड़ा हुआ है, जिससे माल की ढुलाई जल्दी और कम खर्च में होती है। इससे एक्सपोर्ट करने वाले उद्योगों और विदेशी कंपनियों को काफी फायदा मिल सकता है। मुख्यमंत्री ने कंपनी को मेडिकल डिवाइस निर्माण क्षेत्र में अवसर तलाशने का भी आमंत्रण दिया। उन्होंने विशेष रूप से यमुना एक्सप्रेसवे औद्योगिक विकास प्राधिकरण (YEIDA) क्षेत्र में विकसित हो रहे मेडिकल डिवाइसेस पार्क और डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर के लाभ उठाने पर जोर दिया। मुख्यमंत्री ने कहा कि आधुनिक बुनियादी ढाँचा, उत्कृष्ट कनेक्टिविटी, नीतिगत सहयोग और सिंगल-विंडो क्लीयरेंस प्रणाली के कारण यह क्षेत्र उच्च-मूल्य विनिर्माण के लिए आदर्श गंतव्य बन रहा है, जो जापानी कंपनियों के लिए अत्यंत अनुकूल पारिस्थितिकी तंत्र प्रदान करता है।
इसके बाद मुख्यमंत्री ने नोरिहिको इशिगुरो, चेयरमैन एवं CEO, जापान एक्सटर्नल ट्रेड ऑर्गनिऐएशन से भी मुलाकात की। नोरिहिको ने कहा कि भारत में उत्कृष्ट निवेश वातावरण को देखते हुए जापानी कंपनियाँ अपने कारोबार का विस्तार करने के लिए उत्सुक हैं और उत्तर प्रदेश को मजबूत बुनियादी ढाँचे एवं बढ़ती औद्योगिक क्षमता के कारण एक शक्तिशाली विकास इंजन के रूप में स्वीकार किया।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने उत्तर प्रदेश में सुदृढ़ कानून-व्यवस्था, पर्याप्त भूमि बैंक, त्वरित स्वीकृति प्रक्रिया (फास्ट ट्रैक क्लीयरेंस) और निवेशक-अनुकूल नीतिगत ढांचे के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दोहराते हुए भारत-जापान औद्योगिक साझेदारी को और गहरा करने का भरोसा दिलाया।
Met with Mr. ISHIGURO Norihiko, Chairman and CEO, Japan External Trade Organization, in Tokyo today.
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Appreciated JETRO’s continued engagement in strengthening Japan–India economic cooperation. Mr. Norihiko noted that Japanese companies in India are keen to expand their… pic.twitter.com/nyA4TylxCK
अपने जापान दौरे के दौरान योगी आदित्यनाथ करीब 100 किलोमीटर की यात्रा जापान की आधुनिक मैग्लेव ट्रेन में भी करने वाले हैं। मैग्लेव ट्रेन सामान्य ट्रेनों की तरह पटरियों पर नहीं चलती, बल्कि चुंबकीय तकनीक की मदद से ट्रैक के ऊपर तैरती हुई दौड़ती है।
इसी वजह से इसकी रफ्तार बहुत ज्यादा होती है और यह लगभग 600 किलोमीटर प्रति घंटा की स्पीड तक पहुँच सकती है। इस दौरे के दौरान उनकी कई उद्योग प्रतिनिधियों से और भी मुलाकातें होने की संभावना है।
उत्तर प्रदेश सरकार जापान के साथ सहयोग को और मजबूत करना चाहती है, ताकि राज्य के तेजी से बढ़ते औद्योगिक ढाँचे में ज्यादा से ज्यादा वैश्विक निवेश लाया जा सके।
Up CM Yogi Adityanath Japan Visit Tokyo Investment Roadshow Japanese Business Leaders Talks

