अनवर बने संतोष तो हसीना बनी प्रिया, छत्तीसगढ़ में बाबा बागेश्वर के मंच से मुस्लिम परिवार ने की घर वापसी: कहा- बचपन से ही अच्छा लगता था सनातन धर्म

छत्तीसगढ़ के कोरबा में चल रहे बागेश्वर धाम सरकार के दिव्य दरबार में एक मुस्लिम परिवार ने मंच पर सनातन धर्म में वापसी की घोषणा की। बागेश्वर धाम के कथावाचक पंडित धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री के दरबार में मुस्लिम परिवार ने सनातन धर्म में वापसी की जहाँ वैदिक मंत्रों के बीच पूरे परिवार को विधिवत दीक्षा दी गई।

रिपोर्ट्स के अनुसार, छत्तीसगढ़ के बेमेतरा जिले के ग्राम कोदवा निवासी अनवर खान, उनकी पत्नी हसीना और उनके दो बेटों ने सार्वजनिक मंच से सनातन धर्म अपनाया। अनवर खान पेशे से ढाबा चलाते हैं। दीक्षा के दौरान परिवार को तिलक लगाया गया, गंगाजल से शुद्धिकरण किया गया और भगवा पट्टिका पहनाई गई। इसके साथ ही पूरे परिवार का नया नामकरण भी किया गया।

बागेश्वर धाम सरकार संस्था ने X पर इससे जुड़ा एक वीडियो भी शेयर किया है। इस पोस्ट में लिखा गया है, “बागेश्वर सरकार के मंच से मुस्लिम परिवार ने अपनाया सनातन धर्म, अनवर बने संतोष सिंह और पत्नी हसीना बनीं प्रिया सिंह।” इसके अलावा दोनों के दो बेटों ने घर वापसी की है। बड़े बेटे सैफ अली खान का संजय और छोटे बेटे समद का संतोष रखा गया है।

संतोष ने मंच से कहा कि उन्होंने यह फैसला पूरी तरह अपनी इच्छा से लिया है और इस पर किसी तरह का दबाव नहीं था। उन्होंने बताया कि बचपन से ही उन्हें सनातन धर्म अच्छा लगता था और उनके कई मित्र इसी धर्म से जुड़े थे, जिनसे उन्हें काफी कुछ सीखने को मिला।

उसी से प्रभावित होकर उन्होंने अपने परिवार के साथ यह निर्णय लिया। कार्यक्रम के दौरान संतोष को बाबा बागेश्वर की ओर से बालाजी की तस्वीर और ‘सीताराम’ पुस्तक भेंट की गई। साथ ही पंडाल में मौजूद लोगों से अपील की गई कि वे इस परिवार का सहयोग करें।