बिहार के मोतिहारी जिले में पुलिस ने खुफिया इनपुट के आधार पर बड़ी कार्रवाई करते हुए एक मदरसे में छापेमारी की है। पुलिस को मदरसे से एक देसी पिस्टल और जिंदा कारतूस बरामद हुए हैं। यह कार्रवाई चकिया थाना क्षेत्र स्थित गवंदरा इस्लामिया मदरसा में की गई। शुरुआती जाँच में इस बात की आशंका जताई जा रही है कि यहाँ हथियारों की खरीद-बिक्री के साथ किसी बड़ी साजिश की तैयारी भी चल रही थी। पुलिस ने मौके से कुछ महत्वपूर्ण दस्तावेज भी जब्त किए हैं जिनकी जाँच के आधार पर पूरे मामले की कड़ियाँ जोड़ी जा रही हैं।
इस ऑपरेशन के दौरान पुलिस ने तीन लोगों को हिरासत में लिया है जिनमें मदरसे का केयरटेकर, मौलाना और सफाई कर्मी शामिल हैं। ये सभी कई महीनों से परिसर में रह रहे थे और अब उनसे गहन पूछताछ की जा रही है। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने इलाके को सील कर दिया है और सुरक्षा व्यवस्था सख्त कर दी गई है। साथ ही जाँच में तकनीकी मदद के लिए डॉग स्क्वॉड और फॉरेंसिक टीम को भी बुलाया गया है।
मोतिहारी के एसपी स्वर्ण प्रभात ने बताया कि चकिया थाना को गुप्त सूचना मिली थी जिसके बाद एक विशेष जाँच दल (SIT) का गठन कर कार्रवाई की गई। पुलिस अब मदरसे में लगे CCTV कैमरों की फुटेज भी खंगाल रही है ताकि संदिग्ध गतिविधियों के बारे में स्पष्ट जानकारी मिल सके।
यह मामला इसलिए भी संवेदनशील माना जा रहा है क्योंकि इससे पहले इसी मदरसे से पॉपुलर फ्रंट ऑफ इंडिया से जुड़े याकूब उर्फ उस्मान उर्फ सुल्तान को राष्ट्रीय जाँच एजेंसी (NIA) और स्थानीय पुलिस की संयुक्त कार्रवाई में गिरफ्तार किया गया था। उस समय उस पर अयोध्या के राम मंदिर को लेकर सोशल मीडिया पर आपत्तिजनक पोस्ट और धमकियाँ देने के आरोप लगे थे।
रिपोर्ट्स के अनुसार, याकूब की गिरफ्तारी के बाद भी क्षेत्र में संदिग्ध गतिविधियाँ पूरी तरह खत्म नहीं हुई थीं। अब इस नई बरामदगी के बाद पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि क्या हिरासत में लिए गए लोगों का किसी संगठित नेटवर्क से संबंध है। एजेंसियां इस पूरे मामले की गहराई से जाँच कर रही हैं और उम्मीद है कि जल्द ही पूरे नेटवर्क का खुलासा किया जाएगा।

