दिल्ली के जंतर-मंतर पर कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के प्रदर्शन को लेकर सोशल मीडिया अब कुछ वामपंथी फर्जी अफवाह फैलाने का काम कर रहे हैं। आल्ट न्यूज के सह-संस्थापक मोहम्मद जुबैर ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट से एक Video शेयर किया।
इस वीडियो में कॉकरोज जनता पार्टी के प्रदर्शनकारी (गुंडे) दिल्ली पुलिस पर बेहद संगीन आरोप लगा रहे थे। प्रदर्शनकारियों का दावा था कि पुलिस डंडों में कीलें लगाकर मासूम बच्चों पर हमला कर रही है। वीडियो साझा करते हुए जुबैर ने दावा किया कि जंतर-मंतर पर कई प्रदर्शनकारी ऐसे दिखेंगे जिनके सिर से खून बह रहा है।
हालाँकि, दिल्ली पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए इस खबर का पूरी तरह से खंडन किया है। पुलिस ने इसे फर्जी खबर (Fake News) करार दिया है।
मोहम्मद जुबैर ने वीडियो शेयर कर पुलिस पर लगाए गंभीर आरोप
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर मोहम्मद जुबैर द्वारा शेयर किए गए वीडियो में कॉकरोच जनता पार्टी के प्रदर्शनकारी पुलिस पर आरोप लगाते नजर आ रहे हैं। वीडियो में बताया जा रहा है कि दिल्ली पुलिस ने प्रदर्शन के दौरान आक्रामक रुख अपनाया और कील लगे डंडों का इस्तेमाल किया। जुबैर ने अपने पोस्ट में लिखा कि जंतर-मंतर पर बड़ी संख्या में ऐसे प्रदर्शनकारी मिलेंगे जिनके सिर से खून बह रहा है।
FAKE NEWS ALERT
— Delhi Police (@DelhiPolice) July 21, 2026
The videos circulating on social media alleging that police used batons fitted with nails during yesterday's protest are false and misleading. These videos are not related to yesterday's protest.
Citizens are advised not to spread unverified information and to…
फिर दिल्ली पुलिस (@DelhiPolice) ने अपने आधिकारिक सोशल मीडिया हैंडल से ‘फेक न्यूज अलर्ट’ जारी कर स्थिति साफ कर दी है। पुलिस ने साफ शब्दों में कहा कि कल के प्रदर्शन के दौरान कील लगे डंडों के इस्तेमाल के दावे पूरी तरह झूठे और भ्रामक हैं। पुलिस के मुताबिक जो वीडियो इंटरनेट पर घूम रहे हैं, उनका कल जंतर-मंतर पर हुए प्रदर्शन से कोई सीधा संबंध नहीं है।
दिल्ली पुलिस ने इस तरह के झूठे दावों को सिरे से खारिज कर दिया है। पुलिस प्रशासन ने जनता को सच्चाई से अवगत कराते हुए कहा कि आंदोलन की आड़ में कुछ लोग अफवाहें फैलाने का काम कर रहे हैं। पुलिस ने यह साफ कर दिया कि प्रदर्शन के दौरान किसी भी तरह की गैर-कानूनी सामग्री या कील वाले डंडों का इस्तेमाल नहीं किया गया था।

