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प्रियंका गाँधी की खुली पोल-पट्टी, देखिए JNU हिंसा में घायल छात्र से कैसे मुँह मोड़ा

"ये वीडियो देखकर एक ही सवाल मन में आता है कि कोई इतना निर्मोही कैसे हो सकता है? प्रियंका गाँधी जी,आपने एक चोटिल छात्र से अस्पताल में मुँह सिर्फ इसलिए मोड़ लिया, क्योंकि वो ABVP का था। आपके सुरक्षा गार्ड्स ने उसे बाहर का रास्ता दिखा दिया, क्योंकि उसकी विचारधारा अलग है।शर्मनाक।"

जेएनयू में 5 जनवरी को छात्रों के साथ हुई हिंसा के विरोध में कई जगह प्रदर्शन हुए हैं। कई नेता इस दौरान अपनी राजनीति साधने के लिए घायल छात्रों का समर्थन करने की आड़ में केंद्र सरकार को घेर रहे हैं। इसी सूची में एक नाम प्रियंका गाँधी का भी है। प्रियंका गाँधी लगातार जेएनयू में घायल छात्रों की दुर्दशा के पीछे एबीवीपी और भाजपा को जिम्मेदार ठहरा रही हैं। हालाँकि ये बात अलग है कि एबीवीपी के छात्र भी इस हमले में बुरी तरह घायल हुए हैं। उन पर भी बर्बरता हुई है। उन्हें भी वामपंथियों ने दौड़ा-दौड़ाकर मारा है। लेकिन, शायद प्रियंका का इस पक्ष से कोई सरोकार नहीं है। उनकी संवेदना सिर्फ़ वामपंथियों, कट्टरपंथियों और कॉन्ग्रेसियों के सिर-माथे फूटे देख जागती है। उनके आँसू सिर्फ़ उन लोगों के लिए गिरते हैं जो भाजपा सरकार के पक्ष में नहीं होता।

इसकी पुष्टि करते हुए सोशल मीडिया पर इंडिया टीवी के पत्रकार सुशांत सिन्हा ने एक वीडियो अपलोड की है। वीडियो उनके अपने शो की है। इसमें एबीवीपी के राज्य सचिव सिद्धार्थ यादव भी बतौर पैनेलिस्ट मौजूद थे। सुशांत के शो में यादव ने उस दिन हमले के बाद एम्स पहुँचीं प्रियंका गाँधी की पोल-पट्टी खोल दी।

उन्होंने बताया कि रविवार की रात वे भी एम्स में थे। उनके साथ 11 एबीवीपी के कार्यकर्ता भी वहाँ मौजूद थे। उन्होंने खुद देखा कि प्रियंका गाँधी कुछ डॉक्टर्स की भीड़ लेकर अस्पताल में आईं। उन्हें देखकर विद्यार्थी परिषद के कार्यकर्ता शिवम चौरसिया ने उनके पास जाकर कहा कि वे उन्हें एसएफआई और AISA के लोगों ने मारा है। लेकिन जैसे ही प्रियंका गाँधी ने सुना कि घायल युवक एबीवीपी का है, उन्होंने उससे मुँह मोड़ लिया और फौरन उनके गार्ड ने शिवम को पीछे किया। इसके बाद वो बिना कुछ कहे मुड़कर चलीं गईं।

इसके बाद सिद्धार्थ ने अपने फोन से नेशनल टीवी पर इस वीडियो को दिखाया। वीडियो में वही सब था, जिसका खुलासा सिद्धार्थ ने किया था। कार्यक्रम के दौरान हुए इस खुलासे को लेकर सुशांत सिन्हा ने ट्विटर पर वीडियो पोस्ट की है। उन्होंने लिखा है, “ये वीडियो देखकर एक ही सवाल मन में आता है कि कोई इतना निर्मोही कैसे हो सकता है? प्रियंका गाँधी जी,आपने एक चोटिल छात्र से अस्पताल में मुँह सिर्फ इसलिए मोड़ लिया, क्योंकि वो ABVP का था। आपके सुरक्षा गार्ड्स ने उसे बाहर का रास्ता दिखा दिया, क्योंकि उसकी विचारधारा अलग है।शर्मनाक।”

सिद्धार्थ यादव ने भी इस वीडियो को ट्विटर पर शेयर किया है। उन्होंने लिखा है, “ये वो वीडियो है जिसे मैंने एम्स में अपने फोन से रिकॉर्ड किया। मैं हैरान था कि प्रियंका गाँधी इस तरह कैसे मुँह मोड़ सकती हैं। मैं वो दिन नहीं भूल सकता और न ही वो पल।”

गौरतलब है कि प्रियंका गाँधी अक्सर यूपी में हुई हिंसा को लेकर सरकार पर हमलावर रहती हैं। दंगाइयों को पीड़ित बताकर उनका पक्ष सुनने की बात कहती हैंं। पुलिस कार्रवाई में घायलों के प्रति संवेदना प्रकट करती हैं। इसके अलावा भी वो वह सब कुछ करती हैं जिससे केंद्र सरकार बर्बर दिखे। लेकिन वास्तविकता क्या है, ये इस वीडियो में साफ है। जिसे देखकर पता चलता है कि प्रियंका के लिए राजनीति से बढ़कर कुछ भी नहीं है।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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