Homeवीडियोराम मंदिर की नींव में मुस्लिम ईंट क्यों रखेगा: अजीत भारती का सवाल |...

राम मंदिर की नींव में मुस्लिम ईंट क्यों रखेगा: अजीत भारती का सवाल | Ajeet Bharti on Faiz Khan Ram Mandir issue

जिस तरह से मस्जिद सभी के लिए नहीं है, अजान हर कोई नहीं दे सकता, उसी तरह मंदिर सबके लिए नहीं है। मंदिर का गर्भगृह सिर्फ हिंदुओं के लिए खुला है, मुस्लिमों के लिए नहीं। मंदिर के गर्भगृह में एक मुस्लिम का जाना एक तरह से घुसपैठ है, जिसका लाभ वो बाद में लेंगे।

अयोध्या में 5 अगस्त को राम मंदिर का भूमि पूजन होगा। इस अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी खुद मौजूद रहेंगे। इस दौरान खबर आई कि खुद को भगवान राम का भक्त कहने वाले मोहम्मद फैज खान ने 800 किलोमीटर की लंबी पदयात्रा शुरू कर दी है। तो वहीं जमशेद और सईद को भूमि पूजन में जाना है। क्या पता कोई और भी फैज होगा, जो ईंट लेकर निकल पड़ा होगा। 

समस्या तो इस बात को लेकर है कि मीडिया का एक वर्ग इन्हें ऐसे दिखा रहा है कि वो एक व्यक्ति भर नहीं बल्कि व्यक्ति से काफी ऊपर एक राम भक्त हो जाते हैं। जब इस तरह से एक समुदाय को हाइलाइट किया जाता है, माहौल बनाया जाता है, तो सवाल उठने लगता है कि आखिर वो करना क्या चाहते हैं? इसके पीछे एजेंडा क्या है? 

ये वामपंथियों की पुरानी चाल रही है। दशकों से ये केस चल रहा था और 1989 में भी वामपंथियों ने टाँग अड़ाकर मुस्लिमों को ये विश्वास दिलाया कि वो केस जीत सकते हैं, जबकि इसमें उनके जीतने लायक कुछ भी नहीं था। फैज का मिट्टी लेकर जाना उस राम मंदिर में समुदाय विशेष के एक व्यक्ति का अपना ‘योगदान’ लिखवाने जैसा है, जिस मंदिर के लिए 500 सालों तक संघर्ष चला है। मंदिर के ध्वस्त होने से लेकर पुनर्निर्माण के बीच लाखों हिन्दुओं की नृशंस हत्याएँ हुईं।

पूरा वीडियो यहाँ देखें:

फैज के मिट्टी लेकर अयोध्या जाने पर अजीत भारती के सवाल
Join OpIndia's official WhatsApp channel

  सहयोग करें  

'द वायर' जैसे राष्ट्रवादी विचारधारा के विरोधी वेबसाइट्स को कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

अजीत भारती
अजीत भारती
पूर्व सम्पादक (फ़रवरी 2021 तक), ऑपइंडिया हिन्दी

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

ममता बनर्जी का बंगाल था कैसा, कोई रंजीता प्रमाणिक से पूछे: एसिड अटैक में जल गया पूरा शरीर, व्हीलचेयर पर सिमटी जिंदगी, सत्ता बदलने...

पश्चिम बंगाल से भोपाल तक पलायन को मजबूर, तेजाब हमला और कोलकाता लौटने का डर... जानिए रंजीता प्रमाणिक और उनके परिवार की पूरी कहानी।

1768962 ने दी 12वीं की परीक्षा, 404319 ने माँगी आंसर शीट की स्कैन कॉपी, ब्लर कॉपीज में मनमर्जी से दिए नंबर: जानिए CBSE के...

CBSE में OSM सिस्टम के इस्तेमाल और कॉपियों में गड़बड़ी के बाद अब हर चौथा छात्र अपनी स्कैन कॉपी माँग रहा है। AI की भूमिका का पूरा सच जानिए।
- विज्ञापन -