Homeदेश-समाजअलवर में गौ तस्कर मुनफेद खान की भीड़ ने की पिटाई, उसकी गाड़ी से...

अलवर में गौ तस्कर मुनफेद खान की भीड़ ने की पिटाई, उसकी गाड़ी से 7 गोवंश बरामद, अस्पताल में भर्ती

मौक़े पर पहुँची पुलिस ने मुनफेद को बचाकर शाहजहाँपुर के अस्पताल में भर्ती करवाया, लेकिन वहाँ उसकी स्थिति गंभीर हैं। कहा जा रहा है कि भीड़ का शिकार हुआ गौ तस्कर पुलिस की नाकाबंदी तोड़कर भाग रहा था, लेकिन हड़बड़ाहट में वो भीड़ के हत्थे चढ़ गया।

राजस्थान के अलवर जिले में रविवार (सितंबर 22, 2019) देर रात गौ तस्करी के आरोप में मुनफेद खान नामक शख्स की पिटाई की घटना सामने आई। बताया जा रहा है कि गौ तस्करी के कई मामलों के आरोपित मुनफेद की स्थिति इस घटना के बाद गंभीर है, उसे शाहजहाँपुर के अस्पताल में भर्ती करवाया गया है, जहाँ उसका इलाज चल रहा है। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक उसके शरीर में कई फ्रैक्चर आए हैं।

आजतक में प्रकाशित खबर की मानें तो पुलिस ने बताया कि देर रात खुसा की ढाणी में भीड़ ने मुनफेद खान को घेरा और उसकी गाड़ी से 7 गोवंश बरामद किए। इस दौरान लोगों का गुस्सा उसपर फूट पड़ा और उन्होंने मुनफेद की जमकर पिटाई कर दी।

हालाँकि, मौक़े पर पहुँची पुलिस ने मुनफेद को बचाकर शाहजहाँपुर के अस्पताल में भर्ती करवाया, लेकिन वहाँ उसकी स्थिति गंभीर हैं। कहा जा रहा है कि भीड़ का शिकार हुआ गौ तस्कर पुलिस की नाकाबंदी तोड़कर भाग रहा था, लेकिन हड़बड़ाहट में वो भीड़ के हत्थे चढ़ गया।

गौरतलब है कि इससे पहले भी राजस्थान से गौ तस्करी के कई ऐसे मामले सामने आए हैं जहाँ पर गौ तस्करों पर लोगों का गुस्सा फूटता हुआ देखा गया। 1 अप्रैल 2017 को पहलू खान वाली घटना इसका सबसे ज़्यादा सुना हुआ उदहारण है। इसके अलावा साल 2018 में रकबर खान नामक शख्स भी इस आरोप में भीड़ के गुस्से का शिकार हुआ था, तब इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई थी।

Join OpIndia's official WhatsApp channel

  सहयोग करें  

'द वायर' जैसे राष्ट्रवादी विचारधारा के विरोधी वेबसाइट्स को कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

विवादों में ‘कॉकरोचों’ का 6 जून का प्रदर्शन, दिपके ने माना- ‘नहीं ली प्रोटेस्ट की परमिशन’: समझें- SC का फैसला, 7 दिन वाला नियम...

CJP के प्रस्तावित प्रदर्शन के बहाने समझिए जंतर-मंतर पर धरना देने की पूरी प्रक्रिया, दिल्ली पुलिस के नियम और सुप्रीम कोर्ट का रुख।

‘पहले मंदिर में नमाज पढ़ेंगे, फिर कहेंगे मस्जिद थी’: बुलंदशहर से भोजशाला तक, हिंदू पवित्र स्थलों पर दावों का कट्टरपंथियों का पैटर्न और लिबरल...

हिंदुओं के पवित्र स्थानों पर नमाज अदा करना भूल नहीं, सोची-समझी साजिश है। यदि कट्टरपंथियों का मन इतना ही साफ होता तो मंदिरों पर कब्जा नहीं करते।
- विज्ञापन -