कुप्पाम्मल की उम्र 40 साल से ज्यादा हो चुकी है। वो इरुला जनजाति की हैं। करीब 2 दशक पहले उन्हें तमिलनाडु की एक चावल मिल से बंधुआ मजदूरी से मुक्ति मिली थी।
कद में छोटा होने की वजह से मलकीत को निहंग सुखदेव अक्सर चिढ़ाता था। इसी बात को लेकर हुए विवाद में बुधवार की देर रात निहंग सुखदेव मलकील के घर में घुस गया और धारदार हथियार से उसकी हत्या कर दी।