विवादित ट्वीट मामले में स्वत: संज्ञान लेते हुए सुप्रीम कोर्ट ने वकील प्रशांत भूषण को कोर्ट की अवमानना का दोषी माना है। इस मामले की सुनवाई के दौरान प्रशांत भूषण ने कहा था कि ट्वीट भले ही अप्रिय लगे, लेकिन यह अवमानना नहीं है।
कथित रूप से मंदिर में यीशु और मैरी की तस्वीर लगाने और उनकी पूजा करने के लिए अंजनेय स्वामी मंदिर के पुजारी पर दबाव बनाया गया है। जबकि अब नई सूचनाओं के आलोक में यह दावा गलत साबित हुआ है।
"जब उनसे आईडी के बारे में पूछा गया तो उन्होंने दिखाने से मना कर दिया। वह यहाँ का माहौल बिगाड़कर धर्म के नाम पर खेल करवाना चाह रहे थे। हम यहाँ बरसों से रह रहे हैं। यहाँ सभी प्यार से रहते हैं यहाँ ऐसा कुछ नहीं है।"
वामपंथियों के पाखंड और दोहरे रवैये का अंदाजा इस बात से भी लग सकता है कि उन्हें यह तिरुपति वायरस का ट्रेंड चलाने में इतनी उत्सुकता है कि वह वास्तविक जानकारी भी नहीं जानना चाहते।
बेंगलुरु में हुए दंगों के मामले में पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज की है। इसमें जिन लोगों को आरोपित बनाया गया है उसमें 7वां नाम कॉन्ग्रेस पार्षद इरशाद बेगम के पति कलीम पाशा का है।