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‘कई बार जेल जा चुके हैं तजिंदर बग्गा’: मानहानि मामले में सुब्रमण्यम स्वामी को अदालत का समन, कोर्ट ने कहा – पर्याप्त सबूत

शिकायत में लगाए गए आरोपों, साक्ष्यों और उनके द्वारा रिकॉर्ड में लाई गई सामग्री के मद्देनजर अदालत ने स्वामी को आईपीसी की धारा 500 के तहत समन किया।

दिल्ली की एक विशेष अदालत ने मानहानि मामले में मंगलवार (22 मार्च 2022) को राज्यसभा सांसद सुब्रमण्यम स्वामी (Subramanian Swamy) को समन जारी किया। एसीएमएम धर्मेंद्र सिंह के मुताबिक, भाजपा नेता तजिंदर पाल सिंह बग्गा (Tajinder Bagga) द्वारा एक ट्वीट को लेकर दायर मानहानि मामले में स्वामी के खिलाफ पर्याप्त सबूत पाए गए हैं, जिनके आधार पर अदालत ने यह आदेश दिया।

रिपोर्ट्स के मुताबिक, तजिंदर बग्गा ने स्वामी के खिलाफ मानहानि मामले में कार्रवाई की माँग करते हुए राउज एवेन्यू अदालत (Rouse Avenue court) का रुख किया था, जिसमें भाजपा सांसद ने आरोप लगाया था कि स्वामी ने उन्हें लेकर कहा था कि बीजेपी में शामिल होने से पहले बग्गा को कई बार जेल भेजा गया था। अदालत ने ट्वीट और गवाहों के बयानों पर विचार करने के बाद समन जारी करने का आदेश दिया।

अदालत ने माना कि वर्तमान में प्रतिवादी के खिलाफ कार्रवाई के लिए पर्याप्त सबूत हैं। शिकायत में लगाए गए आरोपों, साक्ष्यों और उनके द्वारा रिकॉर्ड में लाई गई सामग्री के मद्देनजर अदालत ने स्वामी को आईपीसी की धारा 500 के तहत समन किया। तजिंदर बग्गा के अनुसार, पिछले साल 28 सितंबर को स्वामी ने अपने ट्विटर हैंडल पर ट्वीट किया था कि दिल्ली के पत्रकारों ने मुझे सूचित किया है कि भाजपा में शामिल होने से पहले तजिंदर बग्गा को नई दिल्ली मंदिर मार्ग पुलिस स्टेशन द्वारा अपराधों के लिए कई बार जेल भेजा जा चुका है।

दिल्ली भाजपा के प्रवक्ता ने यह भी कहा कि उस ट्वीट के बाद उन्हें उनकी पार्टी के वरिष्ठ नेता परवीन शंकर कपूर (मीडिया रिलेशन दिल्ली भाजपा के प्रमुख) द्वारा बुलाया गया था। इसके अलावा उसी दिन उन्हें दिल्ली भाजपा के उपाध्यक्ष शशि यादव का भी फोन आया था और उन्होंने भी उनसे पूछताछ की थी।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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