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खालिस्तानी आतंकी पन्नू के घर तिरंगा फहराने से पंजाब पुलिस ने रोका, एंटी-खालिस्तानी टेररिस्ट फ्रंट के अध्यक्ष ने कहा – ‘देश का अपमान’

"भारत देश में तिरंगा फहराने पर रोक लगाना सही नहीं है। मैं विदेश जाकर भी पन्नू के घर पर तिरंगा फहराऊँगा... यह देश का अपमान है क्योंकि पुलिस ने उन्हें एक घोषित आतंकवादी और अलगाववादी के घर पर तिरंगा फहराने से रोका।"

इंटरनेशनल एंटी खालिस्तानी टेररिस्ट फ्रंट के राष्ट्रीय अध्यक्ष गुरसिमरन मंड को पंजाब पुलिस ने तिरंगा फहराने से रोका। गुरसिमरन मंड शुक्रवार (11 अगस्त, 2023) को चंडीगढ़ में सिख फॉर जस्टिस (एसएफजे) वाले खालिस्तानी आतंकी गुरपतवंत सिंह पन्नू के घर पर तिरंगा फहराने की कोशिश कर रहे थे। पंजाब पुलिस ने उन्हें तिरंगा फहराने से पहले ही रोक लिया, हिरासत में भी ले लिया। 

मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, खालिस्तानी आतंकी पन्नू के घर पर तिरंगा फहराने से पंजाब पुलिस द्वारा रोके जाने के बाद मंड ने कहा:

“यह देश का अपमान है क्योंकि पुलिस ने उन्हें एक घोषित आतंकवादी और अलगाववादी के घर पर तिरंगा फहराने से रोका।”

मंड ने आगे कहा, “भारत देश में तिरंगा फहराने पर रोक लगाना सही नहीं है। मैं विदेश जाकर भी पन्नू के घर पर तिरंगा फहराऊँगा।” हिरासत में लिए जाने से पहले तक हाथों में तिरंगा लेकर मंड ने अपने समर्थकों के साथ खालिस्तान और पन्नू के खिलाफ नारे भी लगाए। जानकारी के मुताबिक, बाद में उन्हें हिरासत से रिहा कर दिया गया। 

इस मामले में सेक्टर 11 पुलिस स्टेशन के एक पुलिस अधिकारी ने कहा, “हमने कानून व्यवस्था की स्थिति को ध्यान में रखते हुए लोगों को गुरपतवंत सिंह पन्नू के घर तक पहुँचने से रोका। उस घर में एक केयरटेकर के अलावा कोई नहीं रहता है।”

बता दें कि खालिस्तानी आतंकी पन्नू को भारत के खिलाफ नफरत फैलाने और लोगों, विशेषकर पंजाब के युवाओं को राष्ट्र विरोधी गतिविधियों में शामिल होने के लिए उकसाने के लिए जाना जाता है।

गौरतलब है कि इससे पहले जून में कई खबरें सामने आईं थी कि पन्नू की अमेरिका में हत्या कर दी गई लेकिन बाद में पन्नू इन खबरों को खारिज करते हुए वीडियो रिलीज कर फिर से धमकी देते हुए दिखा। घोषित खालिस्तानी आतंकी पन्नू पंजाब विश्वविद्यालय से कानून में स्नातक है और 1990 के दशक के अंत में कनाडा चला गया था।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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