असम पुलिस ने नशे के सौदागरों के खिलाफ एक बड़ा एक्शन लेते हुए 9 करोड़ रुपए से अधिक मूल्य की ड्रग्स बरामद की है। मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा ने खुद सोशल मीडिया पर इस सफलता की जानकारी साझा की। यह कार्रवाई राज्य के दो अलग-अलग कोनों, चिरांग और कछार जिलों में की गई, जिसमें भारी मात्रा में याबा टैबलेट और हेरोइन जब्त की गई है।
पुलिस की पहली बड़ी कार्रवाई चिरांग जिले के बिजनी क्षेत्र में हुई। यहाँ पुलिस ने एक गुप्त सूचना के आधार पर जाल बिछाया और 30,000 याबा टैबलेट बरामद कीं। अंतरराष्ट्रीय बाजार में इस खेप की कीमत लगभग 4.5 करोड़ रुपए आँकी गई है। इस मामले में पुलिस ने दो आरोपितों को रंगे हाथों गिरफ्तार किया है। याबा टैबलेट एक बेहद खतरनाक सिंथेटिक ड्रग है, जिसे ‘मैडनेस ड्रग’ के नाम से भी जाना जाता है।
Busted in Brahmaputra Valley, Busted in Barak Valley too!@chirangpolice recovered 30,000 YABA tablets worth ₹4.5cr; 2 arrested in Bijni@cacharpolice recovered 85 cases of heroin (947 gms) worth ₹4.7 cr seized; 1 arrested
— Himanta Biswa Sarma (@himantabiswa) January 29, 2026
Different valleys -same resolve.#AssamAgainstDrugs pic.twitter.com/FFCTqf2SG6
वहीं दूसरी तरफ, बराक घाटी के कछार जिले में पुलिस को एक और बड़ी कामयाबी मिली। यहाँ तलाशी के दौरान 947 ग्राम हेरोइन (85 साबुन के केसों में छिपाई गई) जब्त की गई। बाजार में इसकी कीमत करीब 4.7 करोड़ रुपए बताई जा रही है। इस ऑपरेशन में एक ड्रग तस्कर को दबोचा गया है।
मुख्यमंत्री सरमा ने पुलिस की पीठ थपथपाते हुए कहा कि यह कार्रवाई दर्शाती है कि राज्य सरकार ब्रह्मपुत्र और बराक घाटी, दोनों क्षेत्रों में नशे के खात्मे के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। असम पुलिस पिछले कुछ समय से मादक पदार्थों के नेटवर्क को तोड़ने के लिए ‘जीरो टॉलरेंस’ की नीति पर काम कर रही है।

