BJP सरकार आते ही टोलाबाजी पर लगाम, TMC नेताओं के अवैध नाके हो रहे ध्वस्त: आसनसोल में टीएमसी लीडर राजू अहलूवालिया गिरफ्तार

पश्चिम बंगाल में टोलबाजी यानी कट मनी, अवैध वसूली के खिलाफ शुभेंदु सरकार ने सख्त कदम उठाते हुए राज्य भर में चल रहे अनाधिकृत टोल नाकों पर तत्काल रोक लगा दी है। सिलीगुड़ी-फुलवारी बाईपास, दक्षिण 24 परगना के अवैध टोल बूथों को बंद कर दिया गया है और वसूली करने वालों को गिरफ्तारी किया जा रहा है। पीएम मोदी ने चुनाव अभियान के दौरान कई बार कहा था कि बीजेपी सरकार बनते ही जनता को टोलबाजी से छुटकारा मिल जाएगा।

राज्य के मुख्य सचिव मनोज कुमार अग्रवाल ने सख्त निर्देश जारी कर उन सभी अनधिकृत टोल नाकों, ड्रॉप गेट्स और बैरिकेड्स को तुरंत बंद करने का आदेश दिया, जो बिना सरकारी मंजूरी के चल रहे थे।

जिला प्रशासन और पुलिस को इन अवैध वसूली केंद्रों के खिलाफ कार्रवाई करने के निर्देश दिए, साथ ही भविष्य में इन्हें दोबारा पनपने का मौका न मिले, इसका भी ख्याल रखने को कहा। बंगाल सरकार के सख्त निर्देश के बाद सत्ता परिवर्तन के बाद से ही जबरन वसूली करने वाले कई स्थानीय नेताओं और पंचायत स्तर के पदाधिकारियों के खिलाफ पुलिस ने कड़ी कार्रवाई करते हुए गिरफ्तारियां की हैं।

अपने चुनावी सभाओं में पीएम मोदी समेत बीजेपी के सभी बड़े नेता टोलाबाजी के खिलाफ बोलना नहीं भूलते थे। दरअसल टीएमसी के 15 साल के शासन में जनता टोलाबाजी से त्रस्त थी। अगर कोई घर बनाना चाहता था, तो वह किस जमीन पर बनाए, किसे ठेका दे, कौन क्या करेगा, सभी तय होते थे।

अगर किसी ने बगावत की, तो उसे या तो राज्य से बाहर जाना पड़ता था या उसकी बेरहमी से पिटाई की जाती थी। शुभेंदु सरकार ने सत्ता संभालते ही पीएम मोदी के वादे के मुताबिक टोलाबाजी से जनता और वाहन चालकों को राहत दी है।

क्या कहा था पीएम मोदी ने

पीएम मोदी ने बंगाल की हर चुनावी रैली में टीएमसी के गुंडे और टोलाबाजी का जिक्र किया। पीएम ने आरोप लगाया था कि टीएमसी के टोलाबाजों ने गरीबों के मुफ्त चावल, राहत सामग्री और सरकारी योजनाओं के पैसे तक में लूट मचाई है। उन्होंने जनता को आश्वस्त किया था कि टीएमसी के 15 साल के कुशासन, भय-डर, सिंडिकेट से मुक्ति का समय आ गया है और बंगाल को बीजेपी सरकार भयमुक्त कर विकास के रास्ते पर ले जाएगी। उन्होंने जनता को 10 गारंटी भी दी थी।