जो तिलचट्टे NEET लीक के खिलाफ कर रहे प्रोटेस्ट, उन्होंने छात्रों का डेटा अपनी वेबसाइट से करवा दिया लीक: पढ़ें- CJP के लिए रजिस्टर करने वालों के साथ कैसे हुआ धोखा

NEET पेपर लीक मामले को लेकर ‘छात्रों’ को भ्रमित करके भड़काने वाले आम आदमी पार्टी (AAP) के सदस्य अभिजीत दीपके की कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) एक बार फिर विवादों में है। इस बार मामला पार्टी की वेबसाइट पर रजिस्ट्रेशन करने वाले लोगों के निजी डेटा की सुरक्षा से जुड़ा है।

सामने आया है कि दीपके ने अपनी पार्टी की जिस वेबसाइट पर लोगों को रजिस्टर करने को कहा था, उसमें गंभीर सुरक्षा खामियों थीं, जिसके कारण कई लोगों की व्यक्तिगत जानकारी संभावित रूप से असुरक्षित हुई।

1 जुलाई को OSINT विशेषज्ञ nisarga ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर दावा किया कि CJP की वेबसाइट में गंभीर सुरक्षा खामियाँ मौजूद हैं। उन्होंने कुछ स्क्रीनशॉट्स के साथ लिखा- “हमें सीजेपी वेबसाइट में गंभीर खामियाँ मिली हैं, जिनसे बड़ी मात्रा में व्यक्तिगत जानकारी और सोर्स कोड लीक हो रहा है। हमने इन खामियों की सूचना सीजेपी और CERT-In को दे दी है।”

निसर्गा ने पार्टी के प्रवक्ताओं को टैग करते हुए बताया कि यह बेहद गंभीर मामला है और इस पर तुरंत कार्रवाई की जरूरत है।

हालाँकि उन्होंने सार्वजनिक रूप से संवेदनशील जानकारी साझा नहीं की, लेकिन उनके द्वारा साझा किए गए स्क्रीनशॉटों से यह स्पष्ट हो रहा है कि वेबसाइट पर रजिस्ट्रेशन कराने वाले लोगों के नाम, मोबाइल नंबर, ईमेल आईडी, जन्मतिथि और उम्र जैसी निजी जानकारी तक साइबर अपराधियों की पहुँच संभव थी।

सबसे चिंता की बात यह है कि अभिजीत दीपके पर विश्वास करके कॉकरोच जनता पार्टी साइट पर रजिस्ट्रेशन कराने वालों में कई वॉलिंटियर 14 से 17 वर्ष की आयु के नाबालिग हैं। ऐसे में अगर उनका सारा डेटा गलत हाथों में पहुँचता है तो ऐसे बच्चे साइबर अपराधियों, जालसाजी करने वालों और अन्य ऑनलाइन अपराधों का शिकार बन सकते हैं।

मालूम हो कि फिलहाल यह स्पष्ट नहीं है कि यह डेटा डार्क वेब तक पहुँचा है या नहीं, और न ही यह जानकारी सामने आई है कि वेबसाइट चलाने वालों ने इस सुरक्षा खामी को पूरी तरह दूर किया है या वो स्थिति अब भी वैसी है।

मोदी सरकार पर लगाया CJP की वेबसाइट बंद करने का इल्जाम, जानिए क्या सच

इन सबके बीच आपको याद दिला दें कि पिछले दिनों CJP ने अपनी वेबसाइट को लेकर यह झूठ फैलाया था कि उनकी वेबसाइट को मोदी सरकार ने बंद कर दिया है। लेकिन तकनीकी जाँच में पूरी जानकारी अलग आई और कॉकरोच जनता पार्टी का दावा फर्जी निकला।

दरअसल, cockroachjantaparty.org डोमेन 16 मई 2026 को लिथुआनिया स्थित कंपनी Hostinger के माध्यम से रजिस्टर किया गया था। शुरुआती दिनों में वेबसाइट सामान्य रूप से काम कर रही थी। बाद में वेबसाइट पर 403 Error दिखाई देने लगा, जिसका अर्थ है कि सर्वर मौजूद है लेकिन वेबसाइट तक पहुँच की अनुमति नहीं है। इसके बाद डोमेन पर clientHold स्टेटस लगा दिया गया, जिससे वेबसाइट पूरी तरह इंटरनेट से गायब हो गई।

बीच में वेबसाइट खोलने पर DNS_PROBE_FINISHED_NXDOMAIN का एरर दिखाई देता है। इसका मतलब यह है कि डोमेन DNS सिस्टम से हट चुका है और इंटरनेट उसे खोज नहीं पा रहा। यही वजह है कि वेबसाइट सिर्फ भारत में नहीं, बल्कि दुनिया के किसी भी हिस्से से एक्सेस नहीं की जा सकती।

अब यहाँ ये भी मालूम हो कि डोमेन मैनेजमेंट में clientHold एक सामान्य तकनीकी स्टेटस होता है, जिसे डोमेन रजिस्ट्रार या कुछ मामलों में होस्टिंग प्रदाता लागू करता है। ऐसा आमतौर पर दस्तावेज़ों के सत्यापन में कमी, भुगतान संबंधी समस्या, नियमों के उल्लंघन या वेबसाइट मालिक के अनुरोध जैसी प्रशासनिक वजहों से किया जाता है। इस स्थिति में वेबसाइट वैश्विक स्तर पर बंद हो जाती है।

वहीं इसके विपरीत, यदि किसी वेबसाइट को सरकार ब्लॉक करती है तो आमतौर पर वह केवल उसी देश के इंटरनेट सेवा प्रदाताओं (ISP) के माध्यम से ब्लॉक होती है। ऐसे मामलों में वेबसाइट अन्य देशों में सामान्य रूप से खुलती रहती है और कई बार VPN के जरिए भी एक्सेस की जा सकती है। साथ ही, सरकारी ब्लॉक होने पर अक्सर ब्राउज़र या ISP की ओर से ब्लॉक होने का संदेश भी दिखाई देता है। लेकिन cockroachjantaparty.org खोलने पर ऐसा कहीं कुछ भी नहीं है नहीं है। इनके केस में ये संकेत मिलते है कि वेबसाइट का डोमेन रजिस्ट्रार या होस्टिंग प्रदाता द्वारा निष्क्रिय किया गया, या फिर वेबसाइट संचालकों की ओर से ही इसे बंद किया गया।