दिल्ली लाल किला ब्लास्ट एक आतंकी हमला, CCS की बैठक के बाद भारत सरकार ने की आधिकारिक घोषणा: PM मोदी समेत मंत्रिमंडल ने मृतकों के लिए रखा दो मिनट का मौन

नई दिल्ली में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 7 लोक कल्याण मार्ग स्थित आवास पर बुधवार (12 नवंबर 2025) की शाम दिल्ली ब्लास्ट की स्थिति को लेकर CCS की समीक्षा बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में केंद्र सरकार ने दिल्ली ब्लास्ट को आतंकी घटना माना है। सरकार का कहना है कि यह घटना जघन्य अपराध है। इसके साथ ही बैठक में जाँच एजेंसियों को ब्लास्ट की तेजी से जाँच के निर्देश दिए गए।

बैठक की शुरुआत में दिल्ली ब्लास्ट में मारे गए लोगों को श्रद्धांजलि दी गई। सभी अधिकारियों और नेताओं ने दो मिनट का मौन रखा और पीड़ित परिवारों के प्रति संवेदना जताई। और दो मिनट का मौन रखा गया। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में हुई इस बैठक में दोषियों की जल्द पहचान कर उचित सजा देने की बात कही गई। मंत्रिमंडल ने हमले में मृतकों के प्रति गहरा शोक जताते हुए एक प्रस्ताव पारित किया।

केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव ने प्रस्ताव पढ़ते हुए कहा कि 10 नवंबर 2025 को लाल किले के पास देशविरोधी ताकतों ने कार विस्फोट कर जघन्य आतंकी घटना को अंजाम दिया। कैबिनेट इस हमलें में मारे गए परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त करता है और घायलों के जल्द ठीक होने की कामना करते हैं। इस प्रस्ताव में मेडिकल कर्मियों की भी सराहना की गई, जिन्होंने पीड़ितों को तुरंत सहायता प्रदान की।

बैठक में इस विस्फोट को ‘कायराना और घृणित कृत्य’ करार दिया गया और कहा गया कि भारत आतंकवाद के हर प्रारूप की निंदा करता है। बैठक में घटना पर दुनियाभर के देशों की सरकारों से मिली एकजुटता और समर्थन की अभिव्यक्तियों के लिए भी आभार जताया।

बैठक में जाँच को और अधित तत्परता और पेशेवर ढंग से आगे बढ़ाने के निर्देश पारित किए गए। बैठक में कहा गया कि सरकार मौजूदा स्थिति पर करीब से नजर रखे हुए है। अपने संकल्प को दोहराते हुए पारित प्रस्ताव में कहा गया कि सरकार राष्ट्रीय सुरक्षा के प्रति अपनी अटूट प्रतिबद्धता के अनुरूप, सभी नागरिकों के जीवन और कल्याण की रक्षा के लिए पूरी दृढ़ता से प्रतिबद्ध है।

उल्लेखनीय है कि 10 नवंबर 2025 को दिल्ली के लाल किला मेट्रो स्टेशन गेट नंबर 1 के पास कार ब्लास्ट हुआ था। इस घटना में 12 लोगों की मौत और 20 से ज्यादा लोग घायल हुए हैं।