अमेरिका में कुख्यात यौन अपराधी जेफ्री एपस्टीन से जुड़े दस्तावेजों और सबूतों को लेकर सियासी हलचल एक बार फिर तेज हो गई है। हाउस ओवरसाइट कमेटी में डेमोक्रेटिक सदस्यों ने एपस्टीन की एस्टेट से प्राप्त 60 से अधिक नई तस्वीरें सार्वजनिक की हैं।
ये तस्वीरें बिना तारीख, कैप्शन या संदर्भ के जारी की गई हैं लेकिन इनमें मौजूद सामग्री ने न्याय विभाग (DOJ) पर दबाव और बढ़ा दिया है। वजह यह है कि ‘एपस्टीन फाइल्स ट्रांसपेरेंसी एक्ट’ के तहत DOJ के पास अब 48 घंटे से भी कम समय बचा है, जिसमें उसे एपस्टीन से जुड़ी फाइलें सार्वजनिक करनी हैं।
एपस्टीन एस्टेट की तस्वीरों में क्या दिखा?
डेमोक्रेट्स द्वारा जारी तस्वीरों में कई ऐसी तस्वीरें शामिल हैं, जिनमें एक महिला के शरीर के अलग-अलग हिस्सों पर व्लादिमीर नाबोकोव के उपन्यास ‘लोलिता’ के अंश लिखे हुए दिखाई देते हैं। यह उपन्यास एक 12 वर्षीय लड़की के प्रति यौन आसक्ति पर आधारित है, इसलिए इन उद्धरणों का संदर्भ बेहद परेशान करने वाला माना जा रहा है।
एक तस्वीर में महिला की छाती पर लिखा है, “Lo-lee-ta: the tip of the tongue taking a trip of three steps down the palate…”, जबकि दूसरी में पैर पर “She was Lo, plain Lo, in the morning…” जैसी पंक्तियाँ दिखती हैं। अन्य तस्वीरों में “She was Lola in slacks”, “She was Dolly at school” और “She was Dolores on the dotted line” जैसे वाक्य भी महिला के शरीर पर लिखे हुए नजर आते हैं।
चर्चित हस्तियों के साथ बिना संदर्भ की तस्वीरें
इस बैच में कई प्रभावशाली और चर्चित हस्तियों के साथ एपस्टीन की तस्वीरें भी हैं। इनमें बिल गेट्स, गूगल के को-फाउंडर सर्गेई ब्रिन, प्रसिद्ध दार्शनिक और भाषाविद नोम चॉम्स्की, फिल्म निर्देशक वुडी एलन, डोनाल्ड ट्रंप के पूर्व सलाहकार स्टीव बैनन और न्यूयॉर्क टाइम्स के स्तंभकार डेविड ब्रूक्स शामिल हैं। एक तस्वीर में बिल गेट्स एक महिला के साथ नजर आ रहे हैं। बिल गेट्स पहले ही एपस्टीन से मिलने को बड़ी गलती बता चुके हैं।

हालाँकि, डेमोक्रेट्स ने स्पष्ट किया है कि इन तस्वीरों का जारी होना किसी भी तरह से इन लोगों के खिलाफ गलत काम का सबूत नहीं है। डेविड ब्रूक्स के मामले में न्यूयॉर्क टाइम्स के प्रवक्ता ने कहा कि 2011 में एक सार्वजनिक डिनर कार्यक्रम में उनकी उपस्थिति एक पत्रकार के रूप में थी और एपस्टीन से उनका कोई व्यक्तिगत या निरंतर संबंध नहीं था।
पासपोर्ट, मैसेज और मानव तस्करी की आशंका
तस्वीरों में कई विदेशी पासपोर्ट भी शामिल हैं, जिनकी जानकारी रेडैक्ट (संवेदनशील हिस्से को छिपाना) की गई है, साथ ही एपस्टीन का अमेरिकी पासपोर्ट भी दिखा है। इसके अलावा एक स्क्रीनशॉट में एक अज्ञात व्यक्ति के बीच टेक्स्ट मैसेज बातचीत दिखाई देती है जिसमें ‘लड़कियाँ भेजने’ और ‘1000 डॉलर प्रति लड़की’ जैसी बातें कही गई हैं।

मैसेज में 18 वर्षीय रूस की एक लड़की का जिक्र भी है। यह सामग्री मानव तस्करी से जुड़े संदेह को और गहरा करती है। हालाँकि, अधिकांश विवरण गोपनीयता के कारण ढक दिए गए हैं।
DOJ पर समय-सीमा का दबाव और कानूनी चुनौतियाँ
डेमोक्रेट्स का कहना है कि ये तस्वीरें यह सवाल उठाती हैं कि DOJ के पास असल में क्या-क्या मौजूद है। रैंकिंग मेंबर रॉबर्ट गार्सिया ने आरोप लगाया कि व्हाइट हाउस कवर-अप कर रहा है और DOJ को बिना देरी फाइलें जारी करनी चाहिए।
वहीं रिपोर्ट्स के मुताबिक, न्याय विभाग के भीतर भी भारी तनाव है। हजारों पन्नों की फाइलों को जल्दबाजी में रेडैक्ट करने की प्रक्रिया चल रही है और सीमित दिशानिर्देशों के चलते गलतियों या जरूरत से ज्यादा रेडैक्शन का खतरा बताया जा रहा है। कानूनी विशेषज्ञों का मानना है कि इतनी बड़ी मात्रा में दस्तावेजों की तेज समीक्षा से संवेदनशील जानकारी उजागर होने का जोखिम भी है।
पीड़ितों की चिंता
एपस्टीन के सैकड़ों पीड़ित DOJ की फाइल रिलीज को लेकर चिंतित हैं। कई सर्वाइवरों का कहना है कि बार-बार और टुकड़ों में हो रहे खुलासे उनके पुराने जख्मों को कुरेद रहे हैं। अब सबकी निगाहें DOJ पर टिकी हैं कि वह तय समय-सीमा के भीतर क्या और कितना सार्वजनिक करता है। यह खुलासा न केवल कानूनी बल्कि राजनीतिक रूप से भी अमेरिका के लिए बेहद अहम माना जा रहा है।

