अमेरिका ने फिर बरसाए ईरान पर बम: जानिए शांतिवार्ता के बीच US ने क्यों उठाया ये कदम, मिसाइल लॉन्चर साइट्स और बोट्स पर किया हमला

ईरान के साथ युद्ध में सीजफायर और शांति वार्ता के बावजूद अमेरिकी सेना ने दक्षिणी ईरान में IRGC के नावों और मिसाइल लॉन्चर पर हमला किया। अमेरिकी सेंट्रल कमांड यानी CENTCOM के मुताबिक यह ‘सेल्फ-डिफेंस’ स्ट्राइक था, जिसमें मिसाइल लॉन्च साइट्स और होर्मुज स्ट्रेट में माइंस बिछाने वाली IRGC नावों को निशाना बनाया गया।

अमेरिकी सेंट्रल कमांड ने यह भी कहा है कि इस ऑपरेशन का मकसद अमेरिकी सुरक्षाबलों को बचाना था और सीमित स्ट्राइक से सीजफायर पर कोई असर नहीं पड़ेगा। इसे सीजफायर के खत्म होने का संकेत नहीं माना जाना चाहिए। हॉर्मुज जलडमरूमध्य में IRGC के बारूदी सुरंगें बिछाते पकड़े जाने के बाद अमेरिका ने ईरान पर हमला किया। ये हमले बंदर अब्बास में हुए, जहाँ ईरान का एक अहम सैन्य अड्डा मौजूद है।

इस हमले में मिसाइल लॉन्च करने वाली जगहों को भी पूरी तरह से तबाह कर दिया गया। अमेरिकी सेंट्रल कमांड के प्रवक्ता कैप्टन टिम हॉकिन्स ने फॉक्स न्यूज से कहा, “US फोर्स ने आज दक्षिणी ईरान में सेल्फ-डिफेंस स्ट्राइक की ताकि हमारे सैनिकों को ईरानी फोर्स से होने वाले खतरों से बचाया जा सके।”

गौरतलब है कि मई की शुरुआत में भी अमेरिकी सेना ने सीजफायर के दौरान IRGC के ठिकानों को निशाना बनाया था और होर्मुज स्ट्रेट में हमला किया था। उस वक्त भी अमेरिकी सेना ने बगैर उकसावे के मिसाइल, छोटी नावों और ड्रोन पर धावा बोला था।