मुंबई स्थित किंग एडवर्ड मेमोरियल हॉस्पिटल और सेठ गोर्धनदास सुंदरदास मेडिकल कॉलेज की MBBS स्टूडेंट सेजल पवार के खिलाफ संस्थान ने कड़ी कार्रवाई की है। मामले को गंभीरता से लेते हुए कॉलेज प्रशासन ने उन्हें 15 दिनों के लिए फोर्स्ड लीव पर भेज दिया है।
इस अवधि के दौरान उन्हें अस्पताल, मेडिकल कॉलेज परिसर और छात्रावास में प्रवेश की अनुमति नहीं होगी। संस्थान की ओर से जारी जानकारी के अनुसार, विवाद सामने आने के बाद छात्रा को उनके परिवार के साथ भेज दिया गया है। कॉलेज प्रशासन ने उनके माता-पिता से भी मुलाकात की, जो इस घटनाक्रम के बाद संस्थान पहुँचे थे।
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, परिवार इस पूरे मामले से मानसिक रूप से परेशान है और छात्रा ने भी अपने परिजनों के सामने खेद व्यक्त किया है। मामले की जाँच के लिए पाँच सदस्यीय समिति बनाई गई है, जिसे सात दिनों के भीतर अपनी रिपोर्ट सौंपने के निर्देश दिए गए हैं।
फिलहाल जाँच पूरी होने तक छात्रा नियमित कक्षाओं, प्रैक्टिकल प्रशिक्षण और अन्य शैक्षणिक गतिविधियों से दूर रहेंगी। गौरतलब है कि पूरा विवाद गुरुग्राम में आयोजित प्रणित मोरे के एक क्राउड-वर्क शो से शुरू हुआ। शो में सेजल पवार ने मृत पुरुषों के गुप्तांग का मजाक बनाया था।
सेजल पवार कहती है कि वह मुंबई के KEM अस्पताल में काम करती है, यहाँ अस्पताल में वे और उनकी साथी मृत पुरुषों के शवों का गुप्तांग का साइज की तुलना कर मजाक उड़ाती हैं।

