रूसी नागरिकों को प्रधानमंत्री मोदी का तोहफा, फ्री मिलेगा 30 दिन का ई-टूरिस्ट वीजा: PM बोले- हमारी मित्रता ग्लोबल चैलेंज के लिए देगी ताकत

प्रधानमंत्री मोदी ने रूसी नागरिकों को शुक्रवार (5 दिसंबर 2025) को बड़ा तोहफा दिया। उन्होंने ऐलान करते हुए कहा, ”हम शीघ्र ही रूसी नागरिकों के लिए फ्री 30 दिन का ई-टूरिस्ट वीजा और 30 दिन का ग्रुप टूरिस्ट वीजा शुरू करने जा रहे हैं। हमारी मित्रता आने वाले समय में हमें ग्लोबल चैलेंज के लिए शक्ति देगी।”

भारत और रूस के बीच शुक्रवार (5 दिसंबर 2025) को हुई उच्चस्तरीय द्विपक्षीय बैठक दोनों देशों के रिश्तों में एक महत्वपूर्ण मोड़ साबित हुई। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन की मुलाकात के बाद कई अहम समझौतों पर हस्ताक्षर किए गए। इनमें सबसे प्रमुख बंदरगाह और पोत परिवहन क्षेत्र में सहयोग से जुड़ा समझौता ज्ञापन (MoU) रहा, जो भविष्य में दोनों देशों के बीच समुद्री व्यापार की प्रक्रिया को और मजबूत करेगा।

संयुक्त प्रेस वार्ता में प्रधानमंत्री मोदी ने घोषणा की कि भारत रूसी नागरिकों के लिए जल्द ही ई-टूरिस्ट वीजा और समूह पर्यटन वीजा की सुविधा शुरू करेगा। यह वीजा प्रक्रिया 30 दिनों के भीतर पूरी होगी और विशेष बात यह है कि यह पूरी तरह निःशुल्क होगी। पीएम मोदी ने कहा कि इस पहल से पर्यटन, सांस्कृतिक आदान-प्रदान और लोगों से लोगों के रिश्ते और मजबूत होंगे।

पीएम मोदी ने भारत और रूस के रिश्ते को ‘ध्रुव तारे’ की तरह स्थिर बताया

बैठक के दौरान आर्थिक रिश्तों पर भी जोर दिया गया और भारत-रूस के बीच ‘विजन 2030’ दस्तावेज पर हस्ताक्षर हुए। प्रधानमंत्री मोदी के अनुसार, यह दस्तावेज दोनों देशों के लिए नए अवसरों और दीर्घकालिक साझेदारी का मार्ग प्रशस्त करेगा।

मोदी ने अपने संबोधन में कहा कि पिछले कई दशकों में दुनिया ने बड़े बदलाव देखे हैं, लेकिन भारत और रूस की दोस्ती हर परिस्थिति में कायम रही है। उन्होंने इस संबंध को ‘ध्रुव तारे’ की तरह स्थिर बताया, जिसे समय की कसौटी कभी नहीं डिगा सकी।

दोनों नेताओं ने क्षेत्रीय और वैश्विक मुद्दों पर भी विस्तृत चर्चा की। यूक्रेन संघर्ष को लेकर भारत ने दोहराया कि वह हमेशा शांति और संवाद के पक्ष में है। मोदी ने कहा कि भारत हर उस प्रयास का स्वागत करता है जो इस मुद्दे के शांतिपूर्ण और टिकाऊ समाधान की दिशा में हो।

आतंकवाद पर भी दोनों देशों की राय एक जैसी दिखाई दी। प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि आतंकवाद मानवता का सबसे बड़ा दुश्मन है और इस लड़ाई में भारत और रूस लंबे समय से एक-दूसरे के सहयोगी रहे हैं। उन्होंने पहलगाम और मॉस्को के क्रोकस सिटी हॉल हमलों का उल्लेख करते हुए कहा कि ऐसे हमलों की जड़ एक ही है और इनके खिलाफ वैश्विक स्तर पर एकजुट होकर कार्रवाई की आवश्यकता है।