TCS के नासिक ऑफिस में हिंदू महिलाओं के धर्मांतरण और यौन उत्पीड़न के गंभीर मामले सामने आए हैं। हर दिन पीड़िताएँ अपनी साथ भायवहता की दर्दनाक आपबीती बता रही हैं। इसी कड़ी में आज तक को एक पीड़िता का पुलिस को दिया बयान मिला है। महिला कर्मचारी ने अपने 5 मुस्लिम सहकर्मियों पर लगातार छेड़छाड़, अश्लील टिप्पणी और धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुँचाने के आरोप लगाए हैं। यह मामला जून 2025 से मार्च 2026 के बीच का है।
आज तक की रिपोर्ट के अनुसार, पीड़िता ने बताया है कि वह 20 जून 2025 को TCS नासिक ऑफिस में जूनियर एसोसिएट के तौर पर शामिल हुई थी। शादी को केवल एक महीना हुआ था और उसका पति बाहर रहता था जिसके कारण वह अकेली रहती थी। आरोप है कि सहकर्मियों ने उसकी इस स्थिति का फायदा उठाया और उसे लगातार परेशान करना शुरू कर दिया।
महिला ने पुलिस को दिए बयान में बताया कि आरोपित उसे बार-बार गलत तरीके से छूते थे, पीछा करते और अश्लील बातें करते थे। इसके साथ ही कई बार हिंदू देवी-देवताओं को लेकर अपमानजनक टिप्पणियाँ करते थे। वहीं, आसिफ अंसारी नाम के एक आरोपित ने महिला से कहा कि तुम्हारे धर्म में औरतों के साथ रेप होता है क्योंकि वो बुर्का नहीं पहनतीं।
आरोपित रजा मेमन जो लोन डिपार्टमेंट का टीम लीडर था वो इन सब में शामिल था। वह ट्रेनिंग रूम में बार-बार आता था और पर्सनल बातें करता था। वह महिला को प्लेयर नाम से बुलाकर सबके सामने उसका मजाक उड़ाता था और उसकी शादी पर आपत्तिजनक टिप्पणियाँ करता था। एक घटना में उसने गुड़ी पड़वा के दिन महिला की साड़ी का पल्लू पकड़ लिया था।
इसके अलावा शाहरुख कुरेशी जो ट्रेनर था उस पर भी आरोप है कि वह रजा मेमन का साथ देता था और महिला से अश्लील सवाल पूछता था। पीड़िता ने कहा कि पूरे मामले में कुल पाँच कर्मचारी शामिल थे। पुलिस ने शिकायत के आधार पर जाँच शुरू कर दी है।

