ईरान के खिलाफ चल रहे अमेरिकी और इजरायली संयुक्त सैन्य अभियान ‘ऑपरेशन एपिक फ्यूरी’ के बीच अमेरिकी वायुसेना को बड़ा झटका लगा है। अमेरिकी सैन्य कमांड (CENTCOM) ने पुष्टि की है कि इराक के ऊपर ईंधन भरने वाले दो KC-135 रिफ्यूलिंग टैंकर विमान आपस में टकरा गए। इस टक्कर में एक विमान पूरी तरह नष्ट होकर गिर गया, जबकि दूसरा विमान किसी तरह इजरायल के तेल अवीव वापस लौटने में सफल रहा।
U.S. Central Command is aware of the loss of a U.S. KC-135 refueling aircraft. The incident occurred in friendly airspace during Operation Epic Fury, and rescue efforts are ongoing. Two aircraft were involved in the incident. One of the aircraft went down in western Iraq, and the…
— U.S. Central Command (@CENTCOM) March 12, 2026
6 क्रू मेंबर्स पर सस्पेंस और ‘फ्रेंडली फायर’ के दावे
खुफिया सूत्रों के मुताबिक, नष्ट हुए विमान में चालक दल के 6 सदस्य सवार थे, हालाँकि अमेरिकी कमांड ने अभी तक उनकी मौत की आधिकारिक पुष्टि नहीं की है। दिलचस्प बात यह है कि जहाँ अमेरिका इसे एक हादसा बता रहा है, वहीं ईरान और इराक के सूत्रों का दावा है कि विमान को मार गिराया गया है। यह घटना ऐसे समय में हुई है जब अमेरिका पहले ही अपने तीन F-15E लड़ाकू विमान और अरब देशों में लगे महँगे रडार सिस्टम गँवा चुका है।
क्या है KC-135 स्ट्रैटोटैंकर?
KC-135 को अमेरिकी वायुसेना का ‘उड़ता हुआ गैस स्टेशन’ कहा जाता है। यह चार इंजनों वाला एक विशाल विमान है जो हवा में ही लड़ाकू विमानों में ईंधन भरने का काम करता है। पिछले 60 वर्षों से सेवा में मौजूद इस विमान का ‘ऑपरेशन एपिक फ्यूरी‘ में बहुत बड़ा रोल है।
A U.S. Air Force KC-135 Stratotanker refuels a U.S. Navy F/A-18F Super Hornet over the middle east during Operation Epic Fury. pic.twitter.com/3z9UzXyLt9
— U.S. Central Command (@CENTCOM) March 12, 2026
इस टैंकर के नष्ट होने से ईरान पर हमले कर रहे अमेरिकी और इजरायली विमानों की ऑपरेशनल क्षमता पर गहरा असर पड़ सकता है।

