इस्लामाबाद में हुए धमाके का शहबाज शरीफ ने भारत पर लगाया इल्जाम, विदेश मंत्रालय ने पाकिस्तान के PM को दिया मुँहतोड़ जवाब

पाकिस्तान की राजधानी इस्लामाबाद में मंगलवार (11 नवंबर 2025) को डिस्ट्रिक्ट ऐंड सेशंस कोर्ट के बाहर हुए हमले में कम से कम 12 लोगों की मौत हुई है। पाकिस्तान के गृह मंत्री मोहसिन नकवी ने बताया है कि घटना में 12 लोगों की मौत हुई है और 27 लोग घायल हुए हैं। वहीं, पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने इस घटना पर बयान जारी कर भारत पर आरोप लगाए हैं। जिस पर भारतीय विदेश मंत्रालय ने कड़ी प्रतिक्रिया दी है।

शहबाज शरीफ ने क्या कहा?

इस्लामाबाद की अदालत में दोपहर 12:39 बजे जिला न्यायालय के प्रवेश द्वार के पास भीषण धमाका हुआ। यहाँ पर वकीलों और सामान्य लोगों की भीड़ जमा रही है। नकवी ने बताया कि घायलों का इलाज जारी है और प्रधानमंत्री शहबाज ने उनके उचित इलाज के निर्देश दिए हैं। रॉयटर्स के मुताबिक, कुछ घायलों की हालत गंभीर है।

वहीं, पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने अपना पुराना रोना रोते हुए भारत पर आरोप लगाने की कोशिश की। बीबीसी उर्दू के मुताबिक, शहबाज शरीफ का कहना था कि भारत के आतंकी प्रॉक्सियों की ओर से पाकिस्तान के निहत्थे शहरियों पर आतंकवादी हमले निंदनीय हैं।

पाकिस्तान के प्रधानमंत्री कार्यालय द्वारा जारी बयान के मुताबिक, शहबाज शरीफ ने कहा है, “वाना में फितना अल-खरिजियों द्वारा मासूम बच्चों पर भी हमला किया गया, जो भारत के इशारे पर अफागानिस्तान से सक्रिय हैं। अब समय आ गया है कि दुनिया भारत की ऐसी नापाक साजिशों की निंदा करे। हमले इस क्षेत्र में भारतीय द्वारा पोषित आतंकवाद के सबसे खतरनाक उदाहरण हैं।”

भारत ने दिया मुँहतोड़ जवाब

भारतीय विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने इस्लामाबाद धमाके को लेकर भारत पर लगाए गए आरोपों पर कड़ी प्रतिक्रिया दी है। जायसवाल ने कहा, “बेसुध पाकिस्तानी नेतृत्व की ओर से लगाए जा रहे बेबुनियाद और निराधार आरोपों को भारत खारिज करता है।”

उन्होंने आगे कहा, “देश में चल रहे सैन्य-प्रेरित संवैधानिक विध्वंस और सत्ता-लोलुपता से अपनी जनता का ध्यान भटकाने के लिए, भारत के विरुद्ध झूठे आरोप लगाना पाकिस्तान की एक पुरानी चाल है।” जायसवाल ने कहा, “अंतर्राष्ट्रीय समुदाय असलियत को अच्छी तरह से जानता है और पाकिस्तान की इन हताशापूर्ण, ध्यान भटकाने वाली चालों से गुमराह नहीं होगा।”

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, भारत इन आरोपों को लेकर पूरी तरह सतर्क है और जरूरत पड़ने पर कानूनी व कूटनीतिक कार्रवाई करने के लिए पूरी तरह तैयार है। भारत का मानना है कि पाकिस्तान की ये बयानबाजी उसकी अपनी अंतरराष्ट्रीय साख पर ही सवाल उठा रही है। देश में खराब हालातों के बीच पाकिस्तान दुनिया का ध्यान अपने आंतरिक राजनीतिक संकट से हटाने की कोशिश कर रहा है।