अमेरिकी न्याय विभाग (US Department of Justice) द्वारा जेफ्री एपस्टीन मामले से जुड़ी लाखों नई फाइलें सार्वजनिक किए जाने के बाद एक बार फिर यह हाई-प्रोफाइल केस दुनिया भर में चर्चा का विषय बन गया है। अब यौन अपराधी जेफ्री एपस्टीन की एपस्टीन फाइल्स में ब्रिटिश राजपरिवार के पूर्व सदस्य प्रिंस एंड्रयू माउंटबैटन-विंडसर से जुड़ी कुछ तस्वीरें और ईमेल सामने आए हैं।
इनमें सबसे चौंकाने वाली बात जो सामने आई है वो ये कि एंड्रयू माउंटबैटन ने एपस्टीन को अपनी बेटी की तस्वीर भेजी थीं। दस्तावेजों में सामने आया है कि एंड्रयू ने अपनी बेटियों प्रिंसेस यूजीनी और बीट्राइस की तस्वीरें 2010-2012 के दौरान एपस्टीन को भेजी थीं। यह सब उस समय हुआ जब एंड्रयू दावा कर चुके थे कि उन्होंने एपस्टीन से सभी संबंध तोड़ दिए हैं।
एपस्टीन फाइल्स में क्या सामने आया?
नई जारी फाइलों में प्रिंस एंड्रयू की तीन तस्वीरें शामिल हैं। इन तस्वीरों में एंड्रयू फर्श पर लेटी एक महिला के ऊपर झुके हुए दिखाई दे रहे हैं। एक तस्वीर में वह कैमरे की ओर देख रहे हैं, वहीं दूसरी में उनका हाथ महिला के पेट पर है।
ये तस्वीरें कब और कहाँ ली गई, इसकी स्पष्ट जानकारी नहीं दी गई है। कमरे में एक अन्य व्यक्ति भी बैठा हुआ दिखाई दे रहा है। फर्श पर लेटी महिला के हाथ फैले हुए हैं और उसने सफेद टीशर्ट और काली पेंट पहनी हुई है। हालाँकि महिला का चेहरा पूरी तरह ब्लैकआउट किया गया है।
प्रिंस एंड्रयू और एपस्टीन संबंधों का विवादित इतिहास
प्रिंस एंड्रयू ब्रिटेन के राजा चार्ल्स तृतीय के छोटे भाई हैं और लंबे समय तक ‘ड्यूक ऑफ यॉर्क’ के रूप में पहचाने जाते थे। हालाँकि, जेफ्री एपस्टीन के साथ उनके संबंधों ने उनके करियर का सबसे बड़ा विवाद पैदा किया। एपस्टीन पर नाबालिग लड़कियों के यौन शोषण और सेक्स ट्रैफिकिंग जैसे गंभीर आरोप थे।
वर्जीनिया जियुफ्रे नामक महिला ने दावा किया था कि जब वह नाबालिग थी, तब एपस्टीन ने उसे प्रिंस एंड्रयू के साथ संबंध बनाने के लिए मजबूर किया। 2019 में बीबीसी के ‘न्यूजनाइट’ इंटरव्यू में एंड्रयू ने खुद को निर्दोष बताया लेकिन उनके बयान और एपस्टीन के साथ दोस्ती को सही ठहराने की कोशिश ने भारी आलोचना पैदा की।
इसके बाद उन्होंने सार्वजनिक शाही जिम्मेदारियों से दूरी बना ली और 2022 में महारानी एलिजाबेथ द्वितीय ने उनसे सैन्य उपाधियाँ और ‘हिज रॉयल हाइनेस’ का संबोधन वापस ले लिया।
ईमेल्स से खुलासा: बकिंघम पैलेस में डिनर का आमंत्रण
नई फाइलों में अगस्त 2010 के ईमेल्स भी सामने आए हैं, जिनमें एपस्टीन और ‘द ड्यूक’ नामक अकाउंट के बीच बातचीत दिखाई देती है। इन ईमेल्स से संकेत मिलता है कि एपस्टीन ने एंड्रयू को 26 वर्षीय रूसी महिला से मिलवाने और डिनर की योजना बनाई थी।

दस्तावेजों के अनुसार, एंड्रयू ने बकिंघम पैलेस में डिनर के लिए प्राइवेसी का आश्वासन भी दिया था। अमेरिका की कानूनी फर्म एडवर्ड्स हेंडरसन से जुड़े महिला के वकील ब्रैड एडवर्ड्स ने कहा कि एंड्रयू के साथ रात बिताने के बाद महिला को बकिंघम पैलेस घुमाया गया था।
वकील ने बताया, “हम कम से कम एक ऐसी महिला की बात कर रहे हैं जिसे जेफ्री एपस्टीन ने प्रिंस एंड्रयू के पास भेजा था और प्रिंस एंड्रयू के साथ एक रात बिताने के बाद उसे बकिंघम पैलेस का दौरा भी कराया गयाष” यह पत्राचार उस समय का है जब एपस्टीन जेल और हाउस अरेस्ट की सजा पूरी कर चुका था।
इन रिकॉर्ड्स ने एंड्रयू के उस दावे पर सवाल खड़े किए हैं जिसमें उन्होंने कहा था कि 2010 में वे केवल दोस्ती खत्म करने के लिए एपस्टीन से मिले थे।
अन्य बड़े नामों का जिक्र और नए आरोप
इन फाइलों में केवल प्रिंस एंड्रयू ही नहीं, बल्कि अन्य चर्चित हस्तियों का नाम भी सामने आया है। दस्तावेजों में डोनाल्ड ट्रंप और बिल गेट्स का उल्लेख किया गया है, हालाँकि इन दावों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है। कुछ रिकॉर्ड्स में एपस्टीन द्वारा बिल गेट्स के बारे में गंभीर और अप्रमाणित आरोप लगाए गए हैं, जिन्हें गेट्स ने सिरे से खारिज किया है।
वहीं एक मसाज पार्लर कर्मी के बयान में एंड्रयू और ट्रंप को एपस्टीन के आसपास देखे जाने की बात कही गई है। इसके अलावा एपस्टीन की सहयोगी गिसलेन मैक्सवेल के साथ एंड्रयू की नजदीकियों का भी जिक्र हुआ है। मैक्सवेल फिलहाल सेक्स ट्रैफिकिंग मामले में 20 साल की सजा काट रही हैं।
इन नए खुलासों से ब्रिटिश राजपरिवार पर एक बार फिर दबाव बढ़ गया है। एपस्टीन केस में पहले ही शाही प्रतिष्ठा को नुकसान पहुँच चुका है और अब जारी हुई एपस्टीन फाइल्स ने विवाद को फिर से ताजा कर दिया है। जेफ्री एपस्टीन की मौत 2019 में न्यूयॉर्क जेल में आत्महत्या के रूप में दर्ज की गई थी, लेकिन उनके नेटवर्क से जुड़े दस्तावेज लगातार सामने आते रहे हैं।

