ब्रिटेन के साउथैम्पटन में 18 वर्षीय यूनिवर्सिटी छात्र हेनरी नोवाक की एक सिख द्वारा तलवार जैसे हथियार से हमला कर हत्या कर दी गई। अभियोजन पक्ष के मुताबिक 23 वर्षीय विक्रम डिगवा अपने साथ एक बड़ा ब्लेड वाला हथियार लेकर चल रहा था, जिससे उसने हेनरी पर कई वार किए।
हमले में हेनरी गंभीर रूप से घायल हो गया। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, जान बचाने के लिए वह भागा और एक बाड़ फांदकर निकलने की कोशिश की, लेकिन कुछ देर बाद सड़क पर गिर पड़ा। बाद में उसकी मौत हो गई। पोस्टमार्टम में सामने आया कि ज्यादा खून बहने से उसकी जान चली गई।
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— Jack Montgomery (@JackBMontgomery) May 14, 2026
मामले की सुनवाई साउथैम्पटन क्राउन कोर्ट में चल रही है। अभियोजन पक्ष ने कहा कि घटना के बाद पुलिस मौके पर पहुँची थी, लेकिन उस समय विक्रम डिगवा ने दावा किया कि हेनरी ने उसके साथ नस्लीय टिप्पणी की थी और उस पर हमला किया था। इसी आधार पर पुलिस ने शुरुआत में हमलावर को पकड़ने के बजाय घायल हेनरी को ही हिरासत में ले लिया।
हालाँकि कुछ ही देर बाद उसकी हालत बिगड़ गई और वह बेहोश होकर गिर पड़ा। पुलिस ने उसे प्राथमिक उपचार देने की कोशिश की, लेकिन उसे बचाया नहीं जा सका।
कोर्ट में यह भी बताया गया कि ब्रिटेन में सिखों को धार्मिक कारणों से ‘किरपान’ रखने की कानूनी छूट है। हालाँकि अभियोजन पक्ष का कहना है कि डिगवा के पास छोटा धार्मिक किरपान अलग से मौजूद था, जबकि वारदात में इस्तेमाल किया गया हथियार काफी बड़ा और करीब 21 सेंटीमीटर लंबा ब्लेड था।
अभियोजन पक्ष ने आरोप लगाया कि घटना के बाद डिगवा ने हथियार अपनी माँ किरण कौर को दे दिया, जिसने उसे घर में छिपा दिया। वहीं बचाव पक्ष का कहना है कि डिगवा ने आत्मरक्षा में हमला किया था। फिलहाल मामले की सुनवाई जारी है।

