Saturday, July 31, 2021
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असम में भाजपा ने घोषणा पत्र में दिया NRC को दुरुस्त करने का भरोसा: इन 10 बड़े वादों के साथ पार्टी उतरी चुनाव में

घोषणा पत्र लॉन्च करते हुए राष्ट्रीय अध्यक्ष ने वादा किया कि वह असम की संस्कृति की रक्षा, असम की सुरक्षा और समृद्धि के लिए प्रतिबद्ध हैं और घुसपैठियों की पहचान करके उन्हें वापस उनके देश भेजकर रहेंगे।

भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष जगत प्रकाश नड्डा (जेपी नड्डा) ने आगामी विधानसभा चुनावों के मद्देनजर आज (मार्च 23, 2021) असम में पार्टी का चुनावी घोषणा पत्र जारी कर दिया। भाजपा की ओर से उन्होंने आश्वासन दिया कि वह राज्य में सही NRC पर काम करेंगे जिससे असम की सुरक्षा सुनिश्चित होगी। मौके पर असम के मुख्यमंत्री सर्बानन्द सोणोवाल और राज्य मंत्री हिमन्त बिस्वा शर्मा भी मौजूद रहे।

घोषणा पत्र लॉन्च करते हुए राष्ट्रीय अध्यक्ष ने वादा किया कि वह असम की संस्कृति की रक्षा, असम की सुरक्षा और समृद्धि के लिए प्रतिबद्ध हैं और घुसपैठियों की पहचान करके उन्हें वापस उनके देश भेजकर रहेंगे।

मीडिया से बात करते हुए नड्डा ने कहा, “हम असली भारतीयों की रक्षा करेंगे और घुसपैठियों की पहचान करके उन्हें वापस भेजकर असम सभ्यता को सुरक्षित करेंगे।”

अपने संकल्प पत्र में भाजपा ने 10 वादे किए। पार्टी की ओर से नड्डा ने कहा कि यदि उन्हें दोबारा राज्य का नेतृत्व करने का मौका मिला तो वह अपने सभी वादों को पूरा करेंगे। घोषणा पत्र लॉन्च करते हुए नड्डा ने बताया कि पिछले 5 साल पार्टी का मकसद जाति, माटी और बेटी को सशक्त करना रहा। अब उनका वादा है कि वह राज्य में 2 लाख सरकारी, 1 लाख प्राइवेट सेक्टर में जॉब मार्च 2022 तक निकालेंगे।

नड्डा ने कहा, “ये प्रतिबद्धताएँ, विकास, कनेक्टिविटी, बुनियादी ढाँचे, शिक्षा, स्वास्थ्य, महिला सशक्तीकरण के लिए हमारी दिशा है, और अधिक शुरुआतें समावेशी विकास के लिए हमारे उद्देश्य का एक हिस्सा हैं।”

आइए जानते हैं कि भाजपा ने असम चुनाव में कौन से 10 वादे किए हैं:

  • 1. मिशन ब्रह्मपुत्र- बाढ़ समस्या से निजात दिलाने के लिए सरकार ब्रह्मपुत्र नदी के आसपास बड़े जलाशयों का निर्माण करवाएगी। 
  • 2. ओरुनोदोई योजना: इस योजना के तहत 30 लाख परिवारों को प्रतिमाह 3,000 रुपए की आर्थिक मदद की जाएगी।
  • 3. नामघरों को ढाई लाख रुपए की आर्थिक मदद, अतिक्रमण और अवैध निर्माण को हटाया जाएगा।
  •  4. शिक्षा: सरकारी स्कूलों में मुफ्त में शिक्षा, आठवीं के बाद छात्राओं साइकिल दी जाएगी।
  • 5. एनआरसी लागू करने के लिए सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों का पालन होगा और घुसपैठ भी रोकी जाएगी।
  • 6. परिसीमन की प्रक्रिया को आगे बढ़ाया जाएगा।
  • 7. आत्मनिर्भर असम- प्रदेश में अलग अलग क्षेत्रों को मदद दी जाएगी और उन्हें आगे बढ़ाया जाएगा।
  • 8. दो लाख लोगों को सरकारी नौकरी और प्राइवेट सेक्टर में आठ लाख नई नौकरियाँ देने का भी वादा किया गया। इसके अलावा पार्टी ने असम को सबसे तेज जॉब क्रिएयर राज्य बनाने का वादा किया है।
  • 9. स्वामी विवेकानंद के नाम योजना- युवाओं को स्टार्टअप के लिए बढ़ावा मिलेगा, इसके तहत 10 लाख से ज्यादा युवाओं को रोजगार देने का लक्ष्य होगा।
  • 10. आखिरी संकल्प के मुताबिक असम के लोगों को मजबूत करने के इरादे से जमीन के स्वामित्व का हक देने का वादा है।

बता दें कि असम में 27 मार्च से चुनाव की शुरुआत होगी। 3 चरणों में इन्हें संपन्न कराया जाएगा। परिणाम 2 मई को आएँगे। इससे पहले साल 2016 में भाजपा ने असम में ऐतिहासित जीत हासिल की थी। तब, 15 साल से सत्ता में मौजूद कॉन्ग्रेस से भाजपा ने सत्ता हासिल की थी। भाजपा और उसके गठबंधन वाली पार्टियों ने 86 सीटों पर विजय पाई थी। इनमें से 60 स्पष्ट तौर पर अकेले बीजेपी को मिली थी। एजीपी ने 14 सीट जीतीं थीं और बीपीएफ ने 12, इस बार बीपीएफ ने कॉन्ग्रेस से हाथ मिला लिया है। भाजपा का गठबंधन सिर्फ़ असम गण परिषद और यूनाइटिड पीपुल्स पार्टी लिबरल से ही है।

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ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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