Homeराजनीतिपूजा-अर्चना के बाद शपथ लेने पहुँचे आयुर्वेदिक डॉक्टर प्रमोद सावंत, PM मोदी भी रहे...

पूजा-अर्चना के बाद शपथ लेने पहुँचे आयुर्वेदिक डॉक्टर प्रमोद सावंत, PM मोदी भी रहे मौजूद: लगातार दूसरी बार बने गोवा के CM

प्रमोद सावंत ने सीएम पद की शपथ लेने से पहले पूजा-अर्चना भी की। सावंत ने पूजा की कुछ तस्वीरें ट्वीट कीं।

विधानसभा चुनाव में जीत के बाद प्रमोद सावंत ने सोमवार (28 मार्च, 2022) को दूसरी बार गोवा के मुख्यमंत्री के रूप में शपथ ली। इस शपथ ग्रहण समारोह में पीएम मोदी के साथ भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा, हरियाणा के मुख्यमंत्री एमएल खट्टर, कर्नाटक सीएम बोम्मई, उत्तराखंड के सीएम पुष्कर सिंह धामी मौजूद रहे। प्रमोद सावंत पेशे से आयुर्वेदिक मेडिकल प्रोफेशनल हैं।

शपथ से पहले प्रमोद सावंत ने की पूजा-अर्चना

प्रमोद सावंत ने सीएम पद की शपथ लेने से पहले पूजा-अर्चना भी की। सावंत ने पूजा की कुछ तस्वीरें ट्वीट कीं। उन्होंने ट्वीट कर लिखा कि गोवा के लोगों की सेवा के लिए भगवान से प्रार्थना की। प्रमोद सावंत ने जहाँ मुख्यमंत्री पद की शपथ ली वहीं आठ विधायकों ने भी मंत्री पद की शपथ ली। इनमें विश्वजीत राणे, रवि नायक, मौविन गोडिन्हो, नीलेश कैबराल, सुभाष सिरोडकर, रोहन खुंटे, गोविंद गौड़े, अतानासियो मोनसेराते शामिल हैं।

भाजपा ने 20 सीटों पर दर्ज की जीत

हाल ही में गोवा की सभी 40 विधानसभा सीटों पर चुनाव हुए थे। भाजपा ने सबसे ज्यादा 20 सीटों पर जीत दर्ज की थी। कॉन्ग्रेस ने 11, निदर्लीयों ने तीन सीटों पर कब्जा किया था। साथ ही महाराष्ट्रवादी गोमांतक पार्टी और आम आदमी पार्टी ने दो-दो सीटें जीती थी। जीएफपी और आरजीपी ने एक-एक सीट जीती थी। एमजीपी के दो विधायकों और तीन निर्दलीय विधायकों ने भाजपा को समर्थन दिया है।

सैंकलिम से विधायक हैं प्रमोद सावंत

बता दें कि प्रमोद सावंत (48) उत्तरी गोवा के सैंकलिम से विधायक हैं। 2017 में जब मनोहर पर्रिकर के नेतृत्व में भाजपा ने अपनी सरकार बनाई तो उन्हें विधानसभा अध्यक्ष चुना गया था। पर्रिकर के निधन के बाद उन्होंने मार्च 2019 में पहली बार मुख्यमंत्री पद की शपथ ली थी।

Join OpIndia's official WhatsApp channel

  सहयोग करें  

'द वायर' जैसे राष्ट्रवादी विचारधारा के विरोधी वेबसाइट्स को कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

Uber, ओला, Rapido… एक ही जगह का किराया बार-बार क्यों बदलता रहता है?, कैसे बचाएँ अपनी जेब के पैसे

ओला, Uber या Rapido जैसी ऐप्स का सिस्टम एक ऐसे एल्गोरिदम से चलता है जिसे सिर्फ मुनाफा और संतुलन समझ आता है। जानें कैसे स्मार्ट यूजर बनें।

सिनेमाई परदे पर यूरोप की सुलगती हकीकत है Citizen Vigilante Movie: समझें- क्यों परेशान हैं दुनिया भर के इस्लामी कट्टरपंथी और लेफ्ट लिबरल?

लिबरल और वामपंथी समीक्षक 'सिटीजन विजिलांते' फिल्म को चाहे कितनी भी कम रेटिंग क्यों न दें, इस फिल्म ने अपना काम कर दिया है।
- विज्ञापन -