Homeराजनीतिनेहरू-राजीव की तरह करिश्माई नेता हैं PM मोदी, शपथग्रहण में जाऊँगा: रजनीकांत

नेहरू-राजीव की तरह करिश्माई नेता हैं PM मोदी, शपथग्रहण में जाऊँगा: रजनीकांत

इस दौरान रजनीकांत ने कॉन्ग्रेस और राहुल गाँधी की भी बात की। कॉन्ग्रेस के ताज़ा नेतृत्व संकट पर उन्होंने कहा कि राहुल गाँधी को पार्टी अध्यक्ष पद से इस्तीफा नहीं देना चाहिए क्योंकि लोकतंत्र में विपक्ष भी मज़बूत होना चाहिए।

तमिल सिनेमा के सुपरस्टार रजनीकांत ने इस बात की पुष्टि कर दी है कि उन्हें प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के शपथग्रहण समारोह में आमंत्रित किया है और वे कार्यक्रम में सम्मिलित भी होंगे। प्रधानमंत्री के शपथग्रहण समारोह का समय गुरुवार (मई 30, 2019) को शाम 7 बजे रखा गया है। रजनीकांत ने बड़ा बयान देते हुए नरेन्द्र मोदी को भारत के प्रथम प्रधानमंत्री जवाहरलाल नेहरु और भारत के सबसे युवा प्रधानमंत्री राजीव गाँधी से उनकी तुलना की है। सुपरस्टार ने कहा कि पीएम मोदी भी नेहरू और राजीव की तरह की करिश्माई नेता हैं। रजनीकांत का यह बयान इसीलिए भी अहम है क्योंकि भाजपा अब बंगाल और ओडिशा के बाद दक्षिण भारतीय राज्यों में अपनी मज़बूत उपस्थिति दर्ज कराना चाह रही है।

प्रधानमंत्री मोदी के शपथग्रहण समारोह के लिए तमिल सिनेमा के दोनों वरिष्ठ अभिनेताओं, रजनीकांत और कमल हासन को निमंत्रण भेजा गया है। कमल हासन ने अभी तक साफ़ नहीं किया है कि वे इसमें सम्मिलित होंगे या नहीं। हाल ही में गोडसे को हिन्दू आतंकवादी बता कर विवादों में फँसे कमल हासन पर इसके लिए केस भी दर्ज हुआ है। रजनीकांत ने कहा कि यह जीत मोदी की जीत है और वह एक करिश्माई नेता हैं। इस दौरान रजनीकांत ने कॉन्ग्रेस और राहुल गाँधी की भी बात की। कॉन्ग्रेस के ताज़ा नेतृत्व संकट पर उन्होंने कहा कि राहुल गाँधी को पार्टी अध्यक्ष पद से इस्तीफा नहीं देना चाहिए क्योंकि लोकतंत्र में विपक्ष भी मज़बूत होना चाहिए।

रजनीकांत भी राजनीति में आ गए हैं लेकिन उन्होंने या उनकी पार्टी ने अभी तक कोई चुनाव नहीं लड़ा है। 68 वर्षीय रजनीकांत ने अभी तक खुल कर अपने पत्ते नहीं खोले हैं लेकिन वो अक्सर मोदी की तारीफ़ करते हैं। भाजपा की जीत के बाद उन्होंने मोदी को बधाई दी थी, जिसके बाद प्रधानमंत्री ने भी उन्हें धन्यवाद कहा था। चुनाव से पहले रजनीकांत ने कहा था कि मोदी उनके ख़िलाफ़ लड़ रहे लोगों पर भारी हैं। बता दें कि 2014 में लोकसभा चुनाव प्रचार के दौरान मोदी ने रजनीकांत के आवास पर जाकर उनसे मुलाक़ात की थी।

द न्यूज़ मिनट‘ ने डीएमके के सूत्रों के हवाले से ख़बर प्रकाशित की है कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के शपथग्रहण समारोह में स्टालिन को आमंत्रण नहीं भेजा गया है। वेबसाइट ने लिखा है कि रजनीकांत ने अटल बिहारी वाजपेयी की भी तारीफ की और कहा कि तमिलनाडु में भी कामराज, जयललिता, एमजीआर और करूणानिधि जैसे करिश्माई नेता हुए हैं।

अगर सिनेमा की बात करें तो पिछले वर्ष रजनीकांत की 2 फ़िल्मों ‘2.0’ और ‘काला’ ने मिलकर 1000 करोड़ रुपए से भी अधिक की कमाई की है। हालाँकि, इससे पहले उनकी कुछ फ़िल्में नहीं चली थी लेकिन उन्होंने शानदार वापसी करते हुए संकेत दिया कि तमिल सिनेमा में अब भी वो वही ताक़त रखते हैं। उनकी ताज़ा फ़िल्म ‘पेट्टा’ अजीत कुमार की बड़ी फ़िल्म ‘विश्वासम’ से टकराने के बावजूद बॉक्स ऑफिस पर 200 करोड़ रुपए का आँकड़ा पार करने में कामयाब रही। चर्चा है कि अपनी अगली फ़िल्म ‘दरबार’ के बाद रजनी सिनेमा इंडस्ट्री में सक्रियता कम कर के पूर्ण रूप से राजनीति पर ध्यान दे सकते हैं।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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