Homeरिपोर्टराष्ट्रीय सुरक्षाR-73 मिसाइल पाकिस्तानी F-16 पर लॉक्ड है: विंग कमांडर अभिनंदन का आख़िरी रेडियो मैसेज

R-73 मिसाइल पाकिस्तानी F-16 पर लॉक्ड है: विंग कमांडर अभिनंदन का आख़िरी रेडियो मैसेज

डॉग फाइट के दौरान 8 लड़ाकू विमानों के समूह द्वारा दागे R-73 मिसाइल एकमात्र हथियार थे जो इनबाउंड पाक वायु सेना के जेट F-16 के ऊपर फायर किए गए थे।

भारतीय सीमा में घुसपैठ की कोशिश कर रहे पाकिस्तान के F-16 प्लेन गिराने से पहले विंग कमांडर अभिनन्दन के आखिरी रेडियो मैसेज के आधार पर IAF ने आखिरकार घोषणा कर दी है कि पाकिस्तान के F-16 विमान को अभिनन्दन ने मार गिराया था। मिग-21 में बैठे अभिनन्दन का आखिरी सन्देश था, “R-73 locked।”

IAF ने अब आधिकारिक रूप से पाक F-16 को ध्वस्त करने का श्रेय विंग कमांडर अभिनन्दन के नाम कर दिया है। डॉग फाइट के दौरान 8 लड़ाकू विमानों के समूह द्वारा दागे R-73 मिसाइल एकमात्र हथियार थे जो इनबाउंड पाक वायु सेना के जेट F-16 के ऊपर फायर किए गए थे। अभिनंदन ने अपने अंतिम ने रेडियो सन्देश में कहा ‘R-73 लॉक्ड’, इसके बाद उनसे संपर्क टूट गया था।

पाकिस्तान कुछ भी कहे लेकिन भारतीय सेना ने सबूत जारी कर बताया है कि IAF की गई एयर स्ट्राइक में आतंकवादियों के ठिकानों को सफलतापूर्वक तबाह कर दिया गया था। साथ ही, भारत ने F-16 को नष्ट करने के बाद भी सबूत दिए थे।

बता दें कि IAF विंग कमांडर अभिनन्दन को पाकिस्तान द्वारा पकड़ लिया गया था, लेकिन पाकिस्तान पर बढ़ते राजनयिक दबाव के कारण केवल तीन दिनों में ही रिहा करना पड़ा था।

Join OpIndia's official WhatsApp channel

  सहयोग करें  

'द वायर' जैसे राष्ट्रवादी विचारधारा के विरोधी वेबसाइट्स को कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

बेचे जाने और लीज पर देने का अंतर भूल बैठे हैं अखिलेश यादव, JPNIC ‘बिक गया’ या सिर्फ लीज पर गया? सपा प्रमुख के...

JPNIC विवाद में अखिलेश यादव के ‘बेचने’ के आरोप की पड़ताल पर जानिए योगी सरकार का लीज मॉडल, CAG की आपत्तियां और 265 करोड़ से 865 करोड़ तक कैसे पहुँचा प्रोजेक्ट।

UP में तेजी से बढ़ रही है ‘गो-इकोनॉमी’, दूध के साथ-साथ गोमूत्र भी बन रहा है रोजगार का साधन: शैम्पू, साबुन और ऑर्गेनिक फर्टिलाइजर...

सवाल उनसे है जो गाय, गोबर और गौमूत्र का नाम सुनते ही मजाक बनाने लगते हैं- जब यही व्यवस्था किसान का खर्च घटाकर उसकी आय बढ़ा रही है और तो उपहास किस बात का है?
- विज्ञापन -