Tuesday, July 27, 2021
Homeराजनीति'खुद को सबसे बड़ा ईमानदार बताने वाला निकला सबसे बड़ा लुटेरा'

‘खुद को सबसे बड़ा ईमानदार बताने वाला निकला सबसे बड़ा लुटेरा’

ऐसा पहली बार नहीं है कि मनजिंदर सिंह सिरसा ने केजरीवाल के पोस्टर सड़कों पर लगवाएँ हों, इससे पहले भी वे 2018 में अरविंद केजरीवाल के लिए, "मैं एक झूठा मुख्यमंत्री हूँ" के पोस्टर लगवा चुके हैं।

दिल्ली में आगामी विधानसभा चुनाव के मद्देनजर सभी राजनैतिक पार्टियाँ अपनी-अपनी तरह से तैयारियों में जुटी हुई हैं। इसी दिशा में भाजपा ने जनता के सामने केजरीवाल सरकार के कार्यकाल में हुए घोटालों का पर्दाफ़ाश करने का मोर्चा खोला है। जिसमें दिल्ली भाजपा दस्तावेज और आरटीआई के जरिए पाँच सालों में हुए घोटालों का खुलासा कर रही है।

अब इसी मौक़े का फायदा उठाते हुए रजौरी गार्डन से विधायक मनजिंदर सिंह सिरसा ने केजरीवाल पर तंज कसते हुए कई जगह पोस्टर लगाए हैं, जिसमें केजरीवाल का कार्टून बना हुआ है और साथ में लिखा हैं, “खुद को सबसे बड़ा ईमानदार बताने वाला निकला सबसे बड़ा लुटेरा, स्कूलों में जो कमरा 5 लाख (रुपए) में बनता है वो बनाया 25 लाख में।” पोस्टर के नीचे मनजिंदर सिंह सिरसा ने अपना नाम और शिरोमणि अकाली दल का नाम भी लिखवाया है।

हालाँकि, ऐसा पहली बार नहीं है कि मनजिंदर सिंह सिरसा ने केजरीवाल के पोस्टर सड़कों पर लगवाएँ हों, इससे पहले भी वे 2018 में अरविंद केजरीवाल के लिए, “मैं एक झूठा मुख्यमंत्री हूँ” के पोस्टर लगवा चुके हैं। लेकिन इस बार उनका केजरीवाल पर यह तंज शिक्षा विभाग में हुए करोड़ों के घोटालों पर है। जिसका खुलासा दिल्ली भाजपा अध्यक्ष मनोज तिवारी ने कुछ दिनों पहले एक आरटीआई का हवाला देकर किया था।

दरअसल, मनोज तिवारी ने अपने बयान में कहा था कि केजरीवाल और मनीष सिसोदिया का गठजोड़ शिक्षा के नाम पर 2000 करोड़ रुपए का भ्रष्टाचार कर रहा है। उन्होंने बताया था कि दिल्ली सरकार ने स्कूलों में नर्सरी कक्षा के 366 कमरों का निर्माण करवाया है, जिसमें एक कमरे की लागत 28 लाख 70 हजार रुपए आई हैं।

जिस पर शिक्षा मंत्री मनीष सिसोदिया ने दिल्ली भाजपा अध्यक्ष मनोज तिवारी, सांसद प्रवेश वर्मा और विधायक विजेंद्र गुप्ता को कानूनी नोटिस जारी भी किया और कहा कि ये उनकी सोची-समझी साजिश है, ये तीनों नेता अभिव्यक्ति की आजादी की सीमा की उल्लंघन कर रहे हैं। अगर इन लोगों ने 48 घंटों में माफी नहीं माँगी तो इनके ख़िलाफ़ आपराधिक मुकदमा भी दायर हो सकता है।

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ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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