‘कठिन हैं हालात, लेकिन नहीं होने देंगे बांग्लादेश जैसे हाल’: नेपाल की अंतरिम प्रधानमंत्री सुशीला कार्की ने आलोचनाओं का दिया जवाब, कहा- लोकतंत्र पर भरोसा जरूरी

नेपाल की अंतरिम प्रधानमंत्री सुशीला कार्की ने स्पष्ट कहा है कि उनकी सरकार देश को राजनीतिक अस्थिरता की ओर नहीं जाने देगी और नेपाल की स्थिति बांग्लादेश जैसी नहीं होने दी जाएगी। काठमांडू में एक सार्वजनिक कार्यक्रम को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि मौजूदा अंतरिम सरकार बेहद कठिन और हालात में काम कर रही है।

उन्होंने कहा कि राजनीतिक दलों की ओर से बार-बार समर्थन वापस लेने की धमकियाँ और कुछ युवा संगठनों द्वारा लगातार सरकार से इस्तीफे की माँग की जा रही है, जिससे शासन व्यवस्था पर दबाव बढ़ा है। सुशीला कार्की ने सरकार के इस्तीफे की माँगों पर सवाल उठाते हुए कहा कि इससे स्थिरता और प्रशासन दोनों कमजोर हो रहे हैं।

उन्होंने कहा कि अंतरिम सरकार को काम करने के लिए न तो पर्याप्त समय मिल रहा है और न ही आवश्यक माहौल। उन्होंने यह भी बताया कि सरकारी अधिकारियों को लगातार मौखिक आलोचना और सार्वजनिक दबाव का सामना करना पड़ रहा है, जिससे सरकार पेंडुलम जैसी स्थिति में फँसी हुई है।

प्रधानमंत्री ने युवाओं के बीच चुनावों को लेकर बढ़ते संदेह पर भी चिंता जताई और कहा कि लोकतांत्रिक प्रक्रिया पर भरोसा बनाए रखना जरूरी है। उन्होंने दोहराया कि सरकार प्रतिबद्ध है और क्षेत्र में देखी गई अशांति को नेपाल में दोहराने की अनुमति नहीं दी जाएगी।