दिल्ली के जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय (JNU) में छात्र संघ पदाधिकारियों के निष्कासन को लेकर रविवार (15 फरवरी 2026) को JNU छात्र संघ (JNUSU) के सदस्यों ने विश्वविद्यालय परिसर में जमकर हंगामा किया।
छात्र संघ के सदस्यों ने रविवार रात एक चेतावनी ‘रैली’ निकाली, जिसमें ही प्रशासन के फैसले और UGC के दिशा-निर्देशों को लागू करने और निष्कासन के आदेश तुरंत वापस लेने की माँग को लेकर पीएम मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के खिलाफ आपत्तिजनक नारे लगाए।
इसके अलावा ‘ब्राह्मणवाद हो बर्बाद’, ‘ठाकुरवाद हो बर्बाद’, ‘हिंदू राष्ट्र मुर्दाबाद’, ‘BJP, RSS और ब्राह्मणवाद को चीर दो’ जैसे नारे भी लगाए गए। रविवार (15 फरवरी 2026) की रात उग्र छात्रों ने चेतावनी जुलूस निकाला और 16 सूत्रीय माँगों का एक मसौदा भी पेश किया, जिसमें निष्कासितों पर हुई कार्रवाई को रद्द करने और कई अन्य मुद्दों को शामिल किया गया है।
#WATCH | Delhi | Jawaharlal Nehru University Students' Union (JNUSU) held a protest over their various demands, including UGC guidelines, revocation of rustication orders and other issues pic.twitter.com/vt6pHnNDvt
— ANI (@ANI) February 15, 2026
बता दें कि हाल ही में विश्वविद्यालय प्रशासन ने सख्त कदम उठाते हुए JNU छात्र संघ के चारों पदाधिकारियों को दो सेमेस्टर के लिए निष्कासित कर दिया था। इसके अलावा पूर्व छात्र संघ अध्यक्ष नितीश कुमार को भी इसी मामले में निष्कासन का सामना करना पड़ा है।
आरोप है कि नवंबर 2025 में एक विरोध प्रदर्शन के दौरान डॉ बी आर आंबेडकर सेंट्रल लाइब्रेरी में लगाए गए फेशियल रिकग्निशन टेक्नोलॉजी आधारित प्रवेश द्वारों को क्षतिग्रस्त किया गया, जिनकी लागत करीब 20 लाख रुपए बताई गई है। प्रशासन ने सख्ती से दिखाते हुए निष्कासित छात्रों को 16 फरवरी 2026 तक हॉस्टल खाली करने का निर्देश भी जारी किया है।

