दिल्ली के हिंदू विरोधी दंगे मामले के दो प्रमुख आरोपित शरजील इमाम और उमर खालिद ने अपनी जमानत के लिए अदालत का रुख किया है। कड़कड़डूमा कोर्ट ने दोनों की याचिकाओं पर सुनवाई करते हुए दिल्ली पुलिस को नोटिस जारी कर जवाब दाखिल करने का निर्देश दिया है।
शरजील इमाम ने दूसरी बार नियमित जमानत के लिए अर्जी दाखिल की है। इससे पहले 5 जनवरी 2026 को सुप्रीम कोर्ट उनकी जमानत याचिका खारिज कर चुका है। अब शरजील की ओर से दाखिल नई याचिका में कहा गया है कि सुप्रीम कोर्ट के फैसले को छह महीने से ज्यादा समय बीत चुका है, लेकिन मामले की सुनवाई में कोई खास प्रगति नहीं हुई है।
शरजील के वकील अहमद इब्राहिम ने अदालत को बताया कि उनके मुवक्किल पिछले करीब छह साल से जेल में बंद हैं। याचिका में यह भी कहा गया है कि अभी तक आरोप तय करने की बहस भी पूरी नहीं हो सकी है, जिससे मुकदमे के जल्द खत्म होने की संभावना बेहद कम नजर आती है।
साथ ही सुप्रीम कोर्ट के कुछ हालिया फैसलों का हवाला देते हुए लंबी हिरासत और ट्रायल में देरी को जमानत का आधार बताया गया है। उधर इसी मामले में आरोपित उमर खालिद की जमानत याचिका पर भी अदालत पहले ही दिल्ली पुलिस से जवाब माँग चुकी है। अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश समीर बाजपेयी ने दोनों मामलों की अगली सुनवाई 4 जुलाई तय की है।

