सावन के सोमवार को अदीना मस्जिद से 50 मीटर की दूरी पर होगी आदिनाथ शिवलिंग की स्थापना: पश्चिम बंगाल के मालदा में हिन्दुओं की तैयारियाँ पूरी

पश्चिम बंगाल के मालदा में अदीना मस्जिद को लेकर नया विवाद सामने आया है। मस्जिद से 50 मीटर की दूरी पर आदिनाथ शिवलिंग की स्थापना की जाएगी। शिवलिंग की स्थापना सावन के दूसरे सोमवार को की जाएगी। 20 जुलाई को तारकेश्वर से आदिनाथ शिवलिंग को लेकर शोभायात्रा निकल चुकी है। ये कई जगहों से होतने हुए रविवार 26 जुलाई 2026 को मालदा पहुँची है। इसके बाद यहाँ काफी हलचल है। कानून व्यवस्था को बनाए रखने के लिए बड़ी संख्या में यहाँ पुलिस बल लगाए गए हैं।

कई संगठनों ने यहाँ रुद्राभिषेक का ऐलान किया है। सोमवार (27 जुलाई 2026) से पूजा अर्चना शुरू हो गई है। आयोजकों का कहना है कि शिवलिंग स्थापना को लेकर मालदा में काफी खुशी का माहौल है।

मस्जिद से थोड़ी दूरी पर स्थापित किया जाएगा शिवलिंग

ऐतिहासिक स्रोतों से पता चलता है कि सुल्तान सिकंदर शाह ने 1373 में अदीना मस्जिद का निर्माण करवाया, लेकिन इसके ढाँचे के अलग-अलग हिस्सों में शिव या आदिनाथ और हिन्दू देवी देवताओं के अस्तित्व के संकेत मिलते हैं। हिन्दू पक्ष का दावा है कि अदीना मस्जिद जहाँ बना है, वह मूल रूप से प्राचीन आदिनाथ मंदिर था। उसके ऊपर इस मस्जिद को बनाया गया है।

आदिना मस्जिद से करीब 50 मीटर की दूरी पर आदिनाथ का रुद्राभिषेक होगा। इसको देखते हुए पूरे क्षेत्र को सजाया गया है। हिन्दू पक्ष का कहना है कि राम मंदिर की तरह अदीना मस्जिद भी एक वक्त मंदिर था इसके सबूत मौजूद हैं, इसे कोर्ट में साबित कर दिया जाएगा। कानूनी प्रक्रिया जारी होने के कारण प्रशासन पूरे मामले को संवेदनशील मान रहा है। अधिकारियों का कहना है कि किसी भी गतिविधि को कानून और अदालत के निर्देशों के अनुसार ही अनुमति दी जाएगी।

वहीं कुछ मुस्लिम नेताओं और संगठनों ने शिवलिंग स्थापना पर आपत्ति जताई है। उनका कहना है कि ऐतिहासिक और संवेदनशील स्थल होने के कारण वहाँ किसी भी नए धार्मिक आयोजन की इजाजत नहीं दी जानी चाहिए। प्रशासन को यथास्थिति बनाए रखना चाहिए। उन्होंने प्रशासन से मामले में हस्तक्षेप कर शांति और कानून व्यवस्था सुनिश्चित करने की माँग की है।

कलकत्ता हाईकोर्ट में फिलहाल अदीना मस्जिद का मामला विचाराधीन है। आयोजकों का कहना है कि कोर्ट के निर्देश का पालन करते हुए शिवलिंग की स्थापना की जा रही है। स्थानीय प्रशासन फिलहाल लोगों को शांति बनाए रखने और अफवाहों से दूर रहने की अपील की है।