गुजरात के राजकोट में 23 वर्षीय हिंदू युवक उमंग जाखेलिया की हत्या के मामले में पुलिस ने मुख्य आरोपित मोहम्मद नाजीर, गुलाम हुसैन और सुजल को गिरफ्तार किया है। वहीं वारदात में शामिल एक नाबालिग को जुवेनाइल जस्टिस बोर्ड के समक्ष पेश करने की प्रक्रिया चल रही है।
आरोपितों का कहना है कि उमंग का मोहम्मद नाजीर की बहन से सोशल मीडिया पर संपर्क था और इसीलिए उसकी हत्या कर दी। आरोप है कि नाजीर अपने साथियों के साथ मिलकर उमंग को चाय पीने के बहाने घर से बुलाया, बेरहमी से मारपीट की और अधमरी हालत में घर के पास छोड़कर फरार हो गया। अस्पताल में इलाज के दौरान उमंग की मौत हो गई।
घटना- राजकोट (गुजरात)
— Kajal HINDUsthani (@kajal_jaihind) July 28, 2026
आरोपी का नाम- मोहम्मद नादिर और मोहम्मद आशिफ
मृतक हिंदू का नाम- उमंग जाखेलिया
मुस्लिम मित्र ने हिंदू मित्र की हत्या को अंजाम दिया,
गुजरात के राजकोट में #मोहम्मद_नादिर तथा #मोहम्मद_आशिफ ने दोपहर के 2:30 बजे चाय पीने के बहाने #उमंग को किसी जगह पर मिलने… pic.twitter.com/qUcROsHJxO
दोपहर में घर से बुलाया, शाम को गंभीर हालत में छोड़कर भागे आरोपित
घटना शनिवार (27 जुलाई 2026) की है। पुलिस के मुताबिक, दोपहर करीब ढाई से तीन बजे के बीच नाजीर अपने साथियों के साथ उमंग के घर पहुँचा। उसने परिवार से चाय पीने जाने की बात कहकर उमंग को एक्टिवा पर अपने साथ ले लिया। करीब दो घंटे बाद आरोपित उमंग को गंभीर रूप से घायल और बेहोश हालत में उसके घर के पास छोड़कर फरार हो गए।
परिजन तुरंत उसे राजकोट सिविल अस्पताल ले गए, लेकिन डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। परिजनों का कहना है कि उमंग के शरीर पर बुरी तरह मारपीट के निशान थे। मृतक के पिता रणजीत जाखेलिया ने यह भी आरोप लगाया कि घर से निकलते समय उमंग के पास 50 हजार रुपए नकद और सोने की चेन थी, जो घटना के बाद गायब मिले।
बहन से सोशल मीडिया पर बातचीत को बताया हत्या का कारण, पुलिस जाँच जारी
पुलिस जाँच में सामने आया है कि उमंग पेंटिंग का काम करता था, जबकि मुख्य आरोपित मोहम्मद नाजीर मछली बेचने का व्यवसाय करता है। दूसरा आरोपित गुलाम हुसैन डोसा बेचता है और सुजल रामावत मजदूरी करता है। जाँच में यह भी पता चला कि उमंग और नाजीर की बहन के बीच सोशल मीडिया पर बातचीत होती थी।
पुलिस का मानना है कि इसी बात को लेकर दोनों पक्षों में मनमुटाव पैदा हुआ और बाद में हत्या की साजिश रची गई। हालाँकि पुलिस ने स्पष्ट किया है कि हत्या के सटीक कारण की पुष्टि जाँच पूरी होने और सभी सबूत मिलने के बाद ही होगी। पुलिस के अनुसार, उमंग और आरोपित पहले दोस्त थे।
उमंग की मुख्य आरोपित के भाई आसिफ से गहरी दोस्ती थी, जिसके कारण उसका आरोपितों के घर भी आना-जाना था। फिलहाल प्रद्युम्ननगर पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 103(1), 61(2) और 3(5) के तहत मामला दर्ज कर मोहम्मद नाजीर, गुलाम हुसैन और सुजल को गिरफ्तार कर लिया है।
मामले में शामिल एक नाबालिग के खिलाफ भी कानूनी कार्रवाई की जा रही है। पुलिस तकनीकी साक्ष्यों और अन्य सबूतों के आधार पर पूरे घटनाक्रम की जाँच आगे बढ़ा रही है।

