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रफीक ने किया दलित लड़की का रेप, उसके परिवार ने बनाया गर्भपात का दबाव: परेशान हो कर ली खुदकुशी

अपने सुसाइड नोट में उसने मोहम्मद रफीक उर्फ मिंटू पर रेप का आरोप लगाया। उसने लिखा कि रफीक ने पहले बहुत समय तक उसका लगातार रेप किया और फिर गर्भपात के लिए दबाव बनाया। उसके गिरफ्तार होने के बाद...

उत्तर प्रदेश के लखीमपुर खीरी जिले के एक गाँव में रविवार (जुलाई 12, 2020) को 22 वर्षीय एक लड़की ने फंदे पर लटक कर आत्महत्या कर ली। अपने सुसाइड नोट में उसने मोहम्मद रफीक उर्फ मिंटू पर रेप का आरोप लगाया।

नोट में उसने लिखा कि रफीक ने पहले बहुत समय तक उसका लगातार रेप किया और फिर गर्भपात के लिए दबाव बनाया।

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, रफीक के ऊपर धारा 376 और SC/ST एक्ट की अन्य उपयुक्त धाराओं के तहत कार्रवाई की गई है। उसे इस संबंध में पुलिस ने 7 जुलाई को गिरफ्तार करके जेल भी भेज दिया गया।

लेकिन रविवार को आत्महत्या से पहले लड़की ने नोट में लिखा कि रफीक के परिवार वाले भी इस मामले में उस पर समझौते का दबाव बना रहे थे। उसने अपने नोट में रफीक के तीन भाइयों और माता-पिता के नाम का उल्लेख किया है।

लड़की ने नोट में आरोप लगाया कि इन लोगों ने ही उसे रफीक के साथ समझौता करने के लिए प्रताड़ित किया। नोट में 6 लोगों के नाम का जिक्र करते हुए लड़की ने लिखा कि रेप के बाद वह प्रेग्नेंट हुई लेकिन उस पर गर्भपात करवाने का भी दबाव बनाया जाता रहा।

लखीमपुर खीरी पुलिस का इस संबंध में कहना है कि उन्होंने इस मामले में एफआईआर दर्ज कर ली थी और आरोपित युवक 7 जुलाई को गिरफ्तार हो गया था। मगर, रविवार को लड़की ने अपने घर पर फाँसी लगा ली। अपने नोट में उसने लड़के के घरवालों पर लगातार प्रताड़ित करने का आरोप लगाया, जिसके बाद उन्हें भी एससी/एसटी एक्ट के तहत हिसारत में लिया गया है।

यहाँ बता दें कि टाइम्स ऑफ इंडिया की रिपोर्ट के अनुसार, लड़की के एक रिश्तेदार ने इस मामले के स्थानीय पुलिस पर भी आरोप लगाया है। उन्होंने बताया कि शुरू में स्थानीय पुलिस आरोपितों के ख़िलाफ़ कोई एक्शन नहीं ले रही थी और समझौते की बात कर रही थी। इसीलिए, इस मामले को सुलझाने के लिए बाद में दूसरे ऑफिसर को भेजा गया और फिर आरोपित गिरफ्तार हुआ।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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