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‘एंटी इंडिया चूरन सबसे ज्यादा बिकता है, यही हमारी रोजी-रोटी’ – इमरान की स्पेशल असिस्टेंट रह चुकीं मंत्री

जब TV एंकर ने पूछा कि एंटी इंडिया का चूरन गवर्नमेंट बेचती है, विपक्षी पार्टियाँ नहीं बेचती? इस पर फिरदौस ने कहा कि विपक्ष ने तो ऐसे-ऐसे मसाले बेचे हैं, जो PM मोदी के लिए मजेदार और लजीज हैं।

पाकिस्तानी मंत्री ने भारत के खिलाफ अपने मंसूबे को जगजाहिर करते हुए कहा है कि पाकिस्तान में जो नेता भारत के खिलाफ जितना ज्यादा जहर उगलता है या जितना देश के लोगों को उसके खिलाफ बरगलाता है, उसे उतना ही बड़ा पद दिया जाता है। वैसे ये बात तो सभी जानते हैं कि पाकिस्तानी प्रधानमंत्री इमरान के पास भारत के अलावा कोई अन्य मुद्दा नहीं है। वह हर बार भारत विरोधी कंटेंट से अपनी बात शुरू करते हैं और उसी पर बात खत्म कर देते हैं।

पाकिस्तान के एक न्यूज चैनल ARY से बात करते हुए इमरान खान की बेहद करीबी नेता फिरदौर आशिक अवान ने भारत के खिलाफ पाकिस्तानी एजेंडे का खुलासा किया है। मंत्री ने कबूल किया है कि पाकिस्तान में एंटी इंडिया सेंटीमेंट का चूरन सबसे ज्यादा बिकता है। इसलिए, सभी राजनेता इस मुद्दे को सबसे ज्यादा उछालते हैं।

पाकिस्तानी मंत्रियों और एंटी इंडिया चूरन के संदर्भ में फिरदौस आशिक अवान ने इमरान और विपक्षी पार्टियों के मंत्री की पोल खोलते हुए कहा कि उनके अवाम के जो एंटी इंडिया सेंटीमेंट्स हैं, वो चूरन सबसे ज्यादा बिकता है। जो सबसे ज्यादा बिकता हो, लोग उसी को सबसे ज्यादा बेचते भी हैं। इस पर ऐंकर ने पूछा कि आजकल गवर्नमेंट यही सब कर रही है? तब फिरदौस ने जवाब दिया कि यह केवल सरकार ही नहीं, बल्कि सभी लोग कर रहे हैं।

वहीं यह बात सुनते हुए जब एंकर ने विपक्षी पार्टियों पर चुटकी लेते हुए उनके विषय में जब पूछा कि एंटी इंडिया का चूरन तो गवर्नमेंट बेचती है, विपक्षी पार्टियाँ नहीं बेचती। इस पर फिरदौस ने कहा कि विपक्ष ने तो ऐसे-ऐसे मसाले बेचे हैं, जो मोदी के लिए मजेदार और लजीज हैं।

बता दें कि पड़ोसी मुल्क पाकिस्तान के प्रधानमंत्री इमरान खान की खास मंत्री फिरदौर आशिक अवान ने पीटीआई की सरकार से पहले इमरान खान के मूवमेंट फॉर चेंज अभियान में भी सक्रिय भागीदारी निभाई थी। यही नहीं, वह पाकिस्तान पीपुल्स पार्टी की सरकार में भी केंद्रीय मंत्री रह चुकी हैं। जिसके बाद इमरान खान ने उन्हें अप्रैल 2019 में अपनी सरकार में उन्हें सूचना और प्रसारण मंत्रालय में स्पेशल असिस्टेंट का पद दिया था।

गौरतलब है कि भारत के खिलाफ घृणास्पद अभियानों को वित्त पोषित करने और उसे बढ़ावा देने वाले पाकिस्तान ने हमेशा अपने देश के लोगों को भारत के खिलाफ बरगलाने का काम किया। हाल ही में हुए संयुक्त राष्ट्र महासभा की 75वीं वर्षगाँठ के दौरान भी इमरान खान का मुद्दा बस भारत बना हुआ था।

370 हटने से बौखलाए पाकिस्तानी प्रधानमंत्री ने कश्मीर के मानवाधिकार और वहाँ के अन्य विषयों को लेकर जमकर राग अलापा। भारत की बुराई करने में ही उन्होंने संयुक्त राष्ट्र के मंच का कीमती समय बर्बाद कर दिया था।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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