ऑपइंडिया स्टाफ़

फोटो फ़ीचर: ‘नमामि गंगे’ से बदलती माँ गंगा की सूरत

सीधे नदी की सफ़ाई करने से पहले उसमें करोड़ों लीटर गिरते हुए कचड़े को रोकना, उसे दूसरी तरफ़ मोड़ना, उसे रसायनों एवं अन्य तरीकों से ट्रीट करना सबसे पहला कदम था जिसका परिणाम इन तस्वीरों में दिख रहा है।

कर्ज़ के चलते कर्नाटक में किसान परिवार के 6 सदस्यों ने की आत्महत्या

इसके पीछे अंदेशा ये लगाया जा रहा है कि परिवार के सदस्यों ने शुक्रवार देर रात ज़हर खाकर आत्महत्या कर ली थी।

रॉबर्ट वाड्रा की लंदन में ₹17 करोड़ की संपत्ति! जारी हुआ गैर जमानती वॉरंट

प्रवर्तन निदेशालय का यह दावा है कि रॉबर्ट वाड्रा की अघोषित संपत्ति की जानकारी करने के लिए मनोज अरोड़ा एक महत्वपूर्ण व्यक्ति है। साथ ही रॉबर्ट के काले धन को वैध बनाने में मनीष सहायता भी करता है।

सबरीमाला: केरल के वरिष्ठ नेता का आया भड़काऊ बयान, मंदिर के पुजारी को बोला ‘दानव ब्राह्मण’

सबरीमाला मंदिर के मुख्य तंत्री को केरल के एक वरिष्ठ नेता ने 'दानव ब्राह्मण' कहकर बुलाया है। दरअसल, मन्दिर में दो महिलाओं में घुसने के आने के बाद मुख्य तंत्री द्वारा मंदिर के शुद्धिकरण समारोह को आयोजित करने की वज़ह से उन्हें वरिष्ठ नेता द्वारा 'ब्राह्मण दानव' जैसा उपनाम दिया गया।

सेना से सबूत माँगने वाले जब हेमंत करकरे के लिए बिलबिलाते हैं तो क्यूट लगते हैं

आपको सेना के जवानों से सबूत माँगते वक्त लज्जा नहीं आई, आपको एयर स्ट्राइक पर यह कहते शर्म नहीं आई कि वहाँ हमारी वायु सेना ने पेड़ के पत्ते और टहनियाँ तोड़ीं, आपको बटला हाउस एनकाउंटर वाले अफसर पर कीचड़ उछालते हुए हया नहीं आई, लेकिन किसी पीड़िता के निजी अनुभव सुनकर आपको मिर्ची लगी कि ये जो बोल रही है, वो तो पूरी पुलिस की वर्दी पर सवाल कर रही है।

कॉन्ग्रेस शासन के अधिकारी RVS मणि ने बयान किया हेमंत करकरे और ‘भगवा आतंक’ के झूठ का सच

यह भी सच है कि कई सवाल न केवल अंदरूनी सूत्र आरवीएस मणि और पीड़िता साध्वी प्रज्ञा द्वारा उठाए गए हैं, बल्कि कई अन्य लोगों ने उनके आचरण और मिलीभगत के बारे में ‘भगवा आतंक’ का झूठ गढ़ने के लिए उठाए हैं। सच्चाई शायद बीच में कहीं है। लेकिन साध्वी प्रज्ञा की आवाज़ को चुप कराने की कोशिश करने वाले, इन तमाम मीडिया गिरोहों से कोई भी उम्मीद करना बेमानी है।

पश्चिम बंगाल में निर्वाचन अधिकारी लापता, चुनाव आयोग ने की रिपोर्ट तलब

उनके दोनों मोबाइल फोन बंद हैं और उनकी अंतिम लोकेशन नदिया जिले में शांतिपुर के पास की बताई जा रही है। एक अन्य पुलिस अधिकारी ने कहा कि शांतिपुर के बाद उनकी लोकेशन का पता नहीं चल पाया है क्योंकि वहाँ से उनका फोन बंद आ रहा है।

साध्वी प्रज्ञा को गोमाँस खिलाने वाले, ब्लू फिल्म दिखाने वाले लोग कौन थे?

साध्वी प्रज्ञा को जख्मी फेफड़ों के साथ अस्पताल में 3-4 फ्लोर तक चढ़ाया जाता था। ऑक्सीजन सप्लाई बंद कर दी जाती थी और उन्हें तड़पने के लिए छोड़ दिया जाता था। लगातार 14 दिन की प्रताड़नाओं के बीच साध्वी प्रज्ञा की रीढ़ की हड्डी भी टूट गई थी, इसी बीच उन पर एक और केस फाइल कर दिया गया।

बाबर की औलाद को देश सौंपना चाहते हैं क्या: योगी आदित्यनाथ

बता दें कि इससे पहले उनके बयान, "उनके साथ अली हैं तो हमारे साथ बजरंग बली हैं" चुनाव आयोग ने इस बयान को आचार संहिता का उल्लंघन मानते हुए उन पर 72 घंटों का प्रतिबन्ध लगा चुका है।