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ऑपइंडिया स्टाफ़

कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

मंदिर में पुलिस अच्छी बात नहीं: सबरीमाला में महिलाओं के सुरक्षित प्रवेश के लिए आदेश से SC का इनकार

'कुछ मुद्दे ऐसे हैं जिनसे देश में हालात विस्फोटक हो सकते है, यह मुद्दा भी ऐसा ही है। हम कोई हिंसा नहीं चाहते, मंदिर में पुलिस की तैनाती बहुत अच्छी बात नहीं है। यह बेहद भावनात्मक मुद्दा है। हजार साल से वहाँ परम्परा जारी है।''

सिमी आतंकी इलियास और एजाज गिरफ्तार, मुंबई लोकल ब्लास्ट में 12 साल से थी तलाश

गिरफ्तार दोनों आतंकवादी भाई हैं। आतंकी संगठन इंडियन मुजाहिदीन का प्रमुख अब्दुल सुभान कुरैशी इनका जीजा है। कुरैशी 2018 से दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल की हिरासत में है।

फतेहपुर के हुसैनगंज में 18 साल की युवती को रेप के बाद जिंदा जलाया, पैर का निचला हिस्सा ही बचा

शनिवार की सुबह पीड़िता घर में अकेली थी। पड़ोस में रहने वाला उसका चाचा घर में घुसा और बलात्कार किया। इसके बाद मिट्टी का तेल उस पर उड़ेल कर आग लगा दी।

चिलमखोर, दारूबाज, गुंडा… सुनिए किस जुबान में पीएम मोदी और अमित शाह को धमका रहा युवक

“ये अमित शाह या मोदी के बाप का मुल्क नहीं है। 800 वर्षों तक हमने देश पर राज किया, लेकिन हमारी हड्डी में उबाल नहीं आया। अगर हम अपने पर आ गए तो भागने का रास्ता नहीं रहेगा।”

महमूद से दोस्ती में गई बुजुर्ग दंपति की जान: आकिब और उस्मान ने गला रेता

उस्मान ने दरवाजे पर दस्तक दी। दरवाजा खुलते ही बुजुर्ग के गले पर वार किया। फिर आकिब के साथ भीतर दाखिल हुआ। बुजुर्ग की पत्नी को दोनों ने बेड पर धकेला और चाकू से गला रेत दिया।

नालायक बर्बादी की ओर बढ़ रहे: CAB विरोधियों को पाकिस्तानी युवक का टका सा जवाब

सना अमजद ने इस पाकिस्तानी युवक का इंटरव्यू लिया है। सोशल मीडिया में यह वायरल हो रहा है। उसकी समझदारी की तारीफ कर लोग कह रहे- करोड़ों में एक मिला है, जो जाहिल नहीं हैं।

जामिया में लगे अल्लाहु अकबर, ला इलाहा इल्लल्लाह के नारे: CAB के खिलाफ प्रदर्शन ऐसे हुआ हिंसक

तेरा मेरा रिश्ता क्या-ला इलाहा इल्लल्लाह, ये शहर जगमगाएगा- नूर-ए-इलाहा से। वैसे ही नारे जैसे कश्मीर में पाकिस्तान के समर्थन में आतंकी लगाते हैं। जामिया में प्रदर्शन के दौरान पुलिस को उकसाने के किए गए तमाम जतन। कहा- पुलिस बचकर जाने न पाए। उसे छोड़े ना।

जैसलमेर प्रशासन ने पाक शरणार्थियों को भारतीय नागरिकता देने के लिए लगाए शिविर

मौजूदा क़ानून के मुताबिक किसी व्यक्ति को भारतीय नागरिकता लेने के लिए कम से कम 11 साल यहाँ रहना अनिवार्य था। नए कानून में पड़ोसी देशों के अल्पसंख्यकों के लिए यह अवधि घटाकर 6 साल कर दी गई है।