मौजूदा क़ानून के मुताबिक किसी व्यक्ति को भारतीय नागरिकता लेने के लिए कम से कम 11 साल यहाँ रहना अनिवार्य था। नए कानून में पड़ोसी देशों के अल्पसंख्यकों के लिए यह अवधि घटाकर 6 साल कर दी गई है।
पश्चिम बंगाल में एम्बुलेंस और गाड़ियों पर भी पथराव किया गया। हिंसक विरोध-प्रदर्शन में एक पुलिसकर्मी भी घायल हो गया। शुक्रवार को, प्रदर्शनकारियों ने पश्चिम बंगाल के हावड़ा ज़िले में भी उग्र प्रदर्शन किए। उन्होंने उलुबेरिया रेलवे स्टेशन पर हिंसात्मक गतिविधियों को अंजाम दिया।
भारत दौरे पर आए मालदीव के स्पीकर मोहम्मद नशीद नागरिकता संशोधन क़ानून पर अपनी राय देते हुए कहा, "नागरिकता संशोधन बिल की पूरी प्रक्रिया को संसद के दोनों सदनों से मंज़ूरी मिली है और मैं उस दौरान ख़ुद भारत की संसद में मौजूद था।"
कॉन्ग्रेस, RJD, झामुमो और CPI-ML के गठबंधन पर आतंकवाद को बढ़ावा देने और माओवादियों का समर्थन करने का आरोप लगाते हुए, योगी ने कहा, "कॉन्ग्रेस, RJD, झामुमो और CPI-ML की नीतियों ने चरमपंथ को बढ़ावा दिया है और उन्हें व्यापक नुकसान पहुँचाने में सक्षम बनाया है।"
उस समय बजरंग दल व अन्य हिन्दू संगठनों ने उनकी मदद की। उपायुक्त ने भी उन्हें वहाँ रहने की छूट दे दी। इसके बाद वे वर्ष 2006 में रोहतक से फतेहाबाद के रतिया क़स्बे के निकट गाँव रतनगढ़ में आकर रहने लगे। यहाँ वो पिछले 13 सालों से रह रहे हैं।