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7 साल की बच्ची को सोते में ही उठा ले गया सद्दाम, घर पर चाकुओं से गोदकर मारा, पुलिस को कहा- ‘मुझे अच्छी लगती थी वो’

बच्ची के घरवाले चिल्लाते रहे- 'सद्दाम बच्ची को छोड़ दो।' लेकिन उसने किसी की नहीं सुनी। आखिर में स्थानीय लोगों ने मिलकर सद्दाम के घर का गेट तोड़ा तो उन्होंने देखा कि बच्ची खून से लथपथ है। सद्दाम उसकी हत्या कर चुका है।

मध्य प्रदेश के इंदौर में 7 साल की मासूम के साथ हैवानियत का मामला सामने आया है। वहाँ, सद्दाम नामक व्यक्ति ने मासूम बच्ची को चाकुओं से गोदकर मौत के घाट उतार दिया। स्थानीय लोगों ने आरोपित को पकड़कर पुलिस के हवाले किया है।

रिपोर्ट के अनुसार, इंदौर के आजाद नगर में रहने वाली 7 साल की मासूम बच्ची अपनी माँ की मौत के बाद नाना के यहाँ रह रही थी। पड़ोस में रहने वाला सद्दाम शुक्रवार (23 सितंबर 2022) की सुबह उसको उठाकर अपने घर ले गया था। इस दौरान, जब वह काफी देर तक नहीं दिखी तब उसके घरवालों ने खोजना शुरू किया।

बच्ची की तलाश कर रहे परिजनों को मोहल्ले वालों ने बताया कि बच्ची को सद्दाम के साथ देखा था। इसके बाद, बच्ची के परिजन समेत कई लोग सद्दाम के घर पहुँच गए। काफी देर तक आवाज लगाने के बाद भी सद्दाम घर का गेट खोलने के लिए तैयार नहीं हुआ।

घरवाले चिल्लाते रहे- ‘सद्दाम बच्ची को छोड़ दो।’ लेकिन उसने किसी की नहीं सुनी। आखिर में स्थानीय लोगों ने मिलकर सद्दाम के घर का गेट तोड़ा तो उन्होंने देखा कि बच्ची खून से लथपथ है। सद्दाम उसकी हत्या कर चुका है।

घटना के बाद जब शव को पोस्‍टमार्टम के बाद घर लाया जा रहा था तब गुस्साए लोगों ने आजाद नगर थाने के बाहर पथराव कर दिया। भारी भीड़ के चलते लोगों को तितर-बितर करने के लिए पुलिस को लाठीचार्ज तक करना पड़ा। लोग जाने को तैयार नहीं थे तब पुलिस के समझाने और कार्रवाई का आश्वासन देने के बाद लोग शांत हुए।

मासूम बच्ची की हत्या के आरोपित सद्दाम की गिरफ्तारी के बाद नगर निगम भी सक्रिय नजर आया और 5 घण्टे के अंदर ही आरोपित का घर तोड़ दिया गया है।

इस मामले में एडीसीपी जोन-1 जयवीर सिंह भदौरिया का कहना है कि आरोपित को गिरफ्तार कर लिया गया है। आरोपित के परिजनों का कहना है कि सद्दाम विक्षिप्त है। हालाँकि, अभी तक पुलिस को उसका मेडिकल प्रमाण पत्र नहीं मिला है। पुलिस की पूछताछ में आरोपित सद्दाम बहकी हुई बात कर रहा है। वो कभी कहता है कि 5 साल की वो छोटी बच्ची उसे अच्छी लगती थी, तो कभी कहता है कि उसको नहीं पता कि उसने बच्ची को क्यों मारा।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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