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पिता को हुआ ब्रेन हैमरेज तो चंदा इकट्ठा करने सड़क पर निकली थी बेटियाँ, वायरल तस्वीर देख CM धामी ने उठाया गोपाल शर्मा के इलाज का बीड़ा

गोपाल दिल्ली के सफरदरजंग अस्पताल में बीमारी से जूझ रहे थे और उधर उनकी दो बेटियाँ हल्दवानी की सड़कों पर आ खड़ी हुई थीं ताकि पापा के इलाज के लिए चंदा इकट्ठा हो सके। देखते ही देखते दोनों बेटियों की तस्वीर सोशल मीडिया पर वायरल हो गई और बात पहुँची प्रदेश मुख्यमंत्री धामी तक।

जैसे जीवन के अगले पल का कोई भरोसा नहीं होता कि इंसान के साथ उस पल में क्या हो जाए, वैसे हल्दवानी के गोपाल शर्मा भी नहीं जानते थे कि उन्हें ब्रेन हैमरेज हो जाएगा और उनके परिवार को सारी जमा पूँजी उनके इलाज में लगानी पड़ेगी। कुल जमा दो लाख था परिवार के पास वो सारा गोपाल शर्मा के अस्पताल में भर्ती होने के बाद खत्म हो गया।

अब उधर गोपाल दिल्ली के सफरदरजंग अस्पताल में बीमारी से जूझ रहे थे और उधर उनकी दो बेटियाँ हल्दवानी की सड़कों पर आ खड़ी हुई थीं ताकि पापा के इलाज के लिए चंदा इकट्ठा हो सके। देखते ही देखते दोनों बेटियों की तस्वीर सोशल मीडिया पर वायरल हो गई और बात पहुँची प्रदेश मुख्यमंत्री धामी तक।

सीएम धामी का दिल भी गोपाल शर्मा की बेटियों को देख पसीज गया और उन्होंने गोपाल के इलाज का सारा जिम्मा उठाने का ऐलान किया। अपने सोशल मीडिया पर बच्चियों की तस्वीर साझा करते हुए उन्होंने फौरन संबंधित अधिकारियों को गोपाल शर्मा के समुचित इलाज कराने का निर्देश दिया।

उन्होंने अपने ट्वीट में लिखा, “हल्द्वानी में पिता के इलाज के लिए दो मासूम बेटियों द्वारा चंदा माँगने की जानकारी सोशल मीडिया के ज़रिए प्राप्त हुई थी। इस संबंध में त्वरित कार्रवाई करते हुए मरीज़ श्री गोपाल शर्मा जी के इलाज हेतु उचित इंतज़ाम किए जा रहे हैं व उपचार में कोई दिक्कत ना आए, इसके लिए स्वास्थ्य सचिव को जरूरी दिशा-निर्देश दे दिए हैं। दिल्ली में तैनात एडिशनल रेजिडेंट कमिश्नर को भी सफदरजंग अस्पताल में जाकर वहाँ तैनात चिकित्सकों से वार्ता कर, मरीज को बेहतर से बेहतर इलाज उपलब्ध कराने के लिए निर्देशित किया गया है।”

सीएन ने कहा, “मेरी ईश्वर से प्रार्थना है कि वो श्री गोपाल शर्मा जी को शीघ्र से शीघ्र स्वस्थ बनाएँ। पिता के ठीक होने तक परिजन चाहें तो बच्चों को SOS Children’s Village में रख सकते हैं, यहाँ बच्चों की उचित देखभाल की जाएगी व उन्हें किसी परेशानी का सामना नहीं करना पड़ेगा।”

बता दें कि पुष्कर धामी द्वारा इस तरह बच्चियों के लिए आगे आकर उनके पिता के इलाज का जिम्मा उठाना सोशल मीडिया पर खूब चर्चा में है। यूजर्स उन्हें इस कदम के लिए सराह रहे हैं। उनकी तारीफ कर रहे हैं। उनका आभार व्यक्त कर रहे हैं। उनकी लंबी उम्र और कामयाब जीवन की प्रार्थना करते हुए कह रहे हैं कि वह आगे भी इस तरह प्रदेशवासियों की मदद करते रहें।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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