Friday, June 14, 2024
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साथ खाया-लूडो खेला, देर तक एक-दूसरे का चेहरा निहारा और इंजेक्शन लगाकर मर गए: उत्तराखंड में डॉक्टर फैमिली ने की सुसाइड

डॉक्टर ने नाबालिग बेटे को इंजेक्शन का कम डोज लगाया था, जिसके कारण उसकी जान बच गई। उसने बताया है कि सामूहिक आत्महत्या से पहले पूरे परिवार ने एक साथ डिनर किया, लूडो खेला और देर तक एक-दूसरे का चेहरा निहारते रहे।

उत्तराखंड के काशीपुर से दिल को झकझोर देने वाली खबर सामने आई है। यहाँ आर्थिक तंगी से जूझ रहे एक डॉक्टर ने अपनी कैंसर पीड़ित पत्नी के साथ जहरीला इंजेक्शन लगाकर आत्महत्या कर ली। डॉक्टर के कमरे से एक सुसाइड नोट मिला है, जिसमें पत्नी के साथ आत्महत्या करने की बात दर्ज है। पुलिस मामले की जाँच कर रही है।

रिपोर्ट्स के मुताबिक, 50 वर्षीय आयुर्वेदिक डॉक्टर इंद्रेश शर्मा मूलरूप से देहरादून के रहने वाले हैं। वह अपनी पत्नी वर्षा शर्मा (45) और बेटे ईशान शर्मा के साथ काशीपुर के सैनिक कॉलोनी में रह रहे थे। वह इन दिनों कृष्णा हॉस्पिटल में बतौर ईएमओ कार्यरत थे। वर्षा शर्मा 12 सालों से कैंसर से पीड़ित थीं। उनके इलाज में काफी पैसा खर्च होने के कारण डॉक्टर की आर्थिक स्थिति खराब हो गई थी। इसके चलते कोरोना काल के बाद डॉक्टर अपने बेटे को कहीं एडमिशन भी नहीं दिला पाए थे। इसके बाद उन्होंने सामूहिक आत्महत्या का प्लान बनाया। इस बात की जानकारी उनके 12 साल के बेटे को भी थी। लेकिन बेटे को डॉक्टर ने कम डोज का इंजेक्शन लगाया, जिससे उसकी जान बच गई।

ईशान ने पुलिस को बताया कि मंगलवार (30 मई 2023) शाम को पापा हर दिन की तरह अपना काम पूरा करके घर लौटे थे। परिवार को पता था कि आज उनकी आखिरी रात है। सामूहिक आत्महत्या करने से पहले उन्होंने एक साथ डिनर किया, लूडो खेला और देर तक एक-दूसरे का चेहरा निहारते रहे। फिर डॉ.शर्मा ने पूरे परिवार के सामने सुसाइड नोट लिखा।

उस खौफनाक रात को ईशान ने अपने पापा से कहा था, “पापा मैं सबसे पहले मरूँगा, पहला इंजेक्शन मुझे लगा दो।” बेटे के ये शब्द सुनकर डॉ. शर्मा की आँखें नम हो गई थीं। इसके बाद उन्होंने खुद को और पत्नी को जहरीला इंजेक्शन और बेटे को नॉर्मल इंजेक्शन लगाया। बुधवार (31 मई 2023) सुबह जब माता-पिता बहुत देर तक नहीं उठे तो ईशान उन्हें कमरे में उठाने गया। इसके बाद बेटे ने 112 नंबर पर कॉल कर घटना की सूचना दी। मौके पर पहुँची डॉक्टरों की टीम ने आशंका जताई कि डॉक्टर ने आत्महत्या के लिए एनेस्थीसिया में प्रयोग होने वाले इंजेक्शन का इस्तेमाल किया है, जिसके चलते उनकी मौत हो गई।

एसपी अभय सिंह ने बताया कि प्रथम दृष्टया यह आत्महत्या का मामला प्रतीत हो रहा है। मौके से सीरिंज व अन्य सामान बरामद हुआ है। डॉक्टर की पत्नी 10-12 साल से कैंसर से पीड़ित थीं, जिसके चलते परिवार की आर्थिक स्थिति खराब हो गई थी। दंपत्ति के हाथ-पैर पर सीरिंज के निशान मिले हैं और कमरे से एक सुसाइड नोट भी बरामद हुआ है। सुसाइड नोट में लिखा है, “मैं और मेरी पत्नी स्वेच्छा से आत्महत्या कर रहे हैं। इसके लिए कोई अन्य जिम्मेदार नहीं होगा।”

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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