Tuesday, July 27, 2021
Homeदेश-समाजईडी ने आतंकी हाफिज सईद पर कसी नकेल, गुरूग्राम का विला हुआ जब्त

ईडी ने आतंकी हाफिज सईद पर कसी नकेल, गुरूग्राम का विला हुआ जब्त

इस विला को सईद के बैंकर और फाइनेंसर कश्मीरी व्यापारी जहुर अहमद शाह वटाली ने खरीदा था। जिसकी जानकारी जाँच एजेंसी एनआईए को मिल चुकी थी और उसने उसे पिछले साल आतंकी संगठनों को फंडिंग देने के मामले में दबोचा था।

आतंकवाद के खिलाफ लड़ाई को तेज करते हुए प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने लश्कर सरगना और आतंकी हाफिज सईद के पैसों से गुरूग्राम में खरीदा गया विला जब्त कर लिया गया है।

बता दें कि इस विला को सईद के बैंकर और फाइनेंसर कश्मीरी व्यापारी जहुर अहमद शाह वटाली ने खरीदा था। जिसकी जानकारी जाँच एजेंसी एनआईए को मिल चुकी थी और उसने उसे पिछले साल आतंकी संगठनों को फंडिंग देने के मामले में दबोचा था। वटाली को इस विला को खरीदने के लिए हवाला के जरिए पैसे मिलते थे।

2008 में हुए मुंबई हमले का मास्टरमाइंड हाफिज सईद इन दिनों पाकिस्तान में रह रहा है और वहाँ से भारत में आतंकी घटनाओं को अंजाम देने के लिए हवाला के जरिए पैसे पहुँचाता है। सईद के इस काम में कश्मीरी व्यापारी भी उसक साथ देते हैं। प्रवर्तन निदेशालय को सईद के इस कारोबार की जानकारी मिल गई थी।

जिसके बाद कार्रवाई करते हुए ईडी ने उसका विला जब्त कर लिया। ईडी के मुताबिक ये विला फलाह-ए-इंसानियत (एफआईएफ) के पैसों से खरीदा गया था। ये संगठन पाकिस्तान में सईद के द्वारा चलाया जाता है। जाँच में ये बात भी सामने आई है कि विला खरीदने के  लिए पैसा संयुक्त अरब अमीरात से हवाला के जरिए भारत आया। ईडी ने फरवरी में एफआईएफ के खिलाफ मनी लॉन्ड्रिंग का मामला दर्ज किया था। इसी केस के तहत गुरूग्राम का विला कुर्क किया गया।

जाँच एजेंसी का कहना है कि हाफिज सईद के नाम 24 बेनामी संपत्तियाँ हैं। वटाली के माध्यम से अलग अलग जगहों पर इन पैसों का इस्तेमाल किया गया है। जिसके साक्ष्य भी ईडी के पास मौजूद हैं।

  सहयोग करें  

एनडीटीवी हो या 'द वायर', इन्हें कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

‘कारगिल कमेटी’ पर कॉन्ग्रेस की कुण्डली: लोकतंत्र की सुरक्षा के लिए राष्ट्रीय सुरक्षा राजनीतिक दृष्टिकोण का न हो मोहताज

हमें ध्यान में रखना होगा कि जिस लोकतंत्र पर हम गर्व करते हैं उसकी सुरक्षा तभी तक संभव है जबतक राष्ट्रीय सुरक्षा का विषय किसी राजनीतिक दृष्टिकोण का मोहताज नहीं है।

असम-मिजोरम बॉर्डर पर भड़की हिंसा, असम के 6 पुलिसकर्मियों की मौत: हस्तक्षेप के दोनों राज्‍यों के CM ने गृहमंत्री से लगाई गुहार

असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने ट्वीट कर बताया कि असम-मिज़ोरम सीमा पर तनाव में असम पुलिस के 6 जवानों की जान चली गई है।

प्रचलित ख़बरें

- विज्ञापन -

 

हमसे जुड़ें

295,307FansLike
111,361FollowersFollow
393,000SubscribersSubscribe