Homeदेश-समाजइक़बाल मिर्ची की सम्पत्ति होगी नीलाम, उसकी बीवी से पूर्व केंद्रीय मंत्री प्रफुल्ल पटेल...

इक़बाल मिर्ची की सम्पत्ति होगी नीलाम, उसकी बीवी से पूर्व केंद्रीय मंत्री प्रफुल्ल पटेल ने की थी डील

जाँच एजेंसियों ने पता लगाया है कि भारत में 6 सम्पत्तियों के अलावा 25 ऐसी सम्पत्तियाँ लंदन और UAE में हैं, जिनका कनेक्शन इक़बाल मिर्ची के साथ है। मिर्ची की पत्नी हाजरा मेनन के साथ पूर्व केंद्रीय मंत्री प्रफुल्ल पटेल की एक संपत्ति को लेकर डील की बात भी सामने आई है।

आतंकवादी दाऊद इब्राहिम के करीबी इक़बाल मिर्ची के 2 फ्लैट नीलाम किए जाएँगे। दोनों फ्लैट मुंबई के सांता क्रूज़ पश्चिम में हैं। इसे मुंबई का पॉश इलाका माना जाता है। नीलामी का संचालन वित्त मंत्रालय द्वारा किया जाएगा। दोनों ही फ्लैट का रिजर्व प्राइस 3.45 करोड़ रुपए है। नीलामी 19 नवंबर 2019 को होगी।

नीलामी सार्वजनिक रूप से होगी। इन फ्लैटों को ख़रीदने में रुचि रखने वाले लोग अपना टेंडर 86.5 लाख रुपए के डिपॉजिट के साथ जमा कर सकते हैं। दोनों फ्लैट मिर्ची की पत्नी हीना कौसर से जब्त किए जाने की बात फ्री प्रेस जर्नल में कही गई है। इंडिया टुडे के अनुसार फ्लैट नंबर 501 और 502 का कुल क्षेत्रफ़ल 1245 स्क्वायर फ़ीट है। 7 और 8 नवंबर, 2019 को इच्छुक खरीददार आकर इन संपत्तियों का निरीक्षण कर सकते हैं।

जाँच एजेंसियों ने पता लगाया है कि भारत में 6 सम्पत्तियों के अलावा 25 ऐसी सम्पत्तियाँ लंदन और UAE में हैं, जिनका कनेक्शन इक़बाल मिर्ची के साथ है। हाल ही में इकबाल मिर्ची की पत्नी हाजरा मेनन के साथ पूर्व केंद्रीय मंत्री और एनसीपी नेता प्रफुल्ल पटेल की एक संपत्ति को लेकर डील होने की बात सामने आई थी। पटेल ने इसे स्वीकार करते हुए कहा था कि इक़बाल मिर्ची की पत्नी को अतिरिक्त आवास देने के लिए एक डील किया गया था, जिसके लिए बॉम्बे हाईकोर्ट की अनुमति भी ली गई थी। हालॉंकि उन्होंने मिर्ची से सम्बंधित मिलेनियम डेवेलपर्स से कोई वित्तीय सम्बन्ध होने से इनकार किया था।

मुंबई स्थित सीजे (Ceejay) हाउस को लेकर पटेल से ईडी ने पूछताछ की है। 11 घंटे से अधिक समय तक चली पूछताछ में मिर्ची के दाहिने हाथ माने जाने वाले हुमायूँ मर्चेंट और रिश्तेदार मुश्ताक़ मेमन के बयान रखे गए। दोनों के बयान Prevention of Money Laundering Act की धारा 50 के अंतर्गत लिए गए हैं। दोनों ने बताया है कि कैसे मिर्ची ने दक्षिण मुंबई में सम्पत्तियों पर कब्ज़ा किया था।

सूत्रों के मुताबिक पटेल ने इकबाल मिर्ची से किसी तरह के कनेक्शन से इनकार किया है। यह भी कहा है कि वे कभी मर्चेंट या मुश्ताक से भी नहीं मिले। पटेल ने ईडी के सामने यह दावा भी किया है कि उन्होंने सेल्स डीड पर हस्ताक्षर इसलिए किए क्योंकि उनके पास मिलेनियम प्रॉपर्टीज़ की पावर ऑफ़ अटॉर्नी थी।

Join OpIndia's official WhatsApp channel

  सहयोग करें  

'द वायर' जैसे राष्ट्रवादी विचारधारा के विरोधी वेबसाइट्स को कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

UP में तेजी से बढ़ रही है ‘गो-इकोनॉमी’, दूध के साथ-साथ गोमूत्र भी बन रहा है रोजगार का साधन: शैम्पू, साबुन और ऑर्गेनिक फर्टिलाइजर...

सवाल उनसे है जो गाय, गोबर और गौमूत्र का नाम सुनते ही मजाक बनाने लगते हैं- जब यही व्यवस्था किसान का खर्च घटाकर उसकी आय बढ़ा रही है और तो उपहास किस बात का है?

मुस्लिमों को रिझाने में 2017 में औंधे मुँह गिरे थे अखिलेश, आरक्षण का वादा किया लेकिन घोषणापत्र खाली रहा: 2027 के चुनावी रण में...

मुस्लिम आरक्षण पर अखिलेश बयानों से लेकर मुलायम सिंह यादव की मुस्लिम राजनीति अपने पुराने ढर्रे पर रही है। हालाँकि अब यूपी में वोटर्स अपनी प्रथमिकताएँ बदल रहे हैं।
- विज्ञापन -