2 इंजीनियर, 1 किशोर सहित 9 संदिग्ध आतंकी गिरफ़्तार, ISIS से हो सकता है लिंक

ठाणे और औरंगाबाद से गिरफ़्तार संदिग्धों के खूंखार आतंकी संगठन इस्लामिक स्टेट (ISIS) के साथ भी लिंक हो सकते हैं। सुरक्षा एजेंसियाँ इस बारे में पड़ताल कर रही है।

महाराष्ट्र आतंकवाद निरोधक दस्ते (ATS) ने सोमवार (जनवरी 21, 2019) को राज्य के कई इलाक़ों में छापेमारी की। इस छापेमारी में ATS को बड़ी क़ामयाबी मिली है। इस दौरान 9 संदिग्ध आतंकियों को गिरफ़्तार किया गया और कई संदिग्ध वस्तुएँ भी बरामद की गई। ठाणे और औरंगाबाद से गिरफ़्तार संदिग्धों के खूंखार आतंकी संगठन इस्लामिक स्टेट (ISIS) के साथ भी लिंक हो सकते हैं। सुरक्षा एजेंसियाँ इस बारे में पड़ताल कर रही है।

ठाणे के मुंब्रा शहर में अमृत नगर, कौसा, मोती बाग और अलमास कॉलोनी इलाकों और औरंगाबाद की कैसर कॉलोनी, राहत कॉलोनी और दमडी महल इलाकों में सोमवार (जनवरी 21, 2019) को देर रात और मंगलवार को सुबह छापे मारने के बाद गिइन गिरफ़्तारियों को अंजाम दिया गया।

सूत्रों के अनुसार पकड़े गए संदिग्ध आतंकी ISIS में शामिल होने वाले थे। इनके पास से केमिकल पाउडर, एसिड पाउडर, धारदार हथियार, हार्ड ड्राइव, मोबाइल फोन, सिम कार्ड जब्त हुए हैं। साथ ही कई उर्दू की पुस्तकें भी ज़ब्त की गई है। बताया जाता है कि ये सभी सीरिया जाने की योजना तैयार कर रहे थे। वहाँ उन्हें फ़िदायीन बनने का प्रशिक्षण दिया जाने वाला था। गिरफ़्तार किए गए लोगों में मोहम्मद मजहर शेख मकैनिकल इंजिनियर है और मोहसिन खान सिविल इंजिनियर है।

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इनके अलावे एक 17 वर्षीय किशोर को भी हिरासत में लिया गया है। फ़हद शाह नमक आर्किटेक्ट को भी गिरफ़्तार किया गया है। बताया जा रहा है कि इन सबको हिरासत में लेने के बाअद ATS टीम इनके घर पहुँची और फिर तलाशी ली। NBT में प्रकाशित एक ख़बर के अनुसार गिरफ़्तार मज़हर के भाई ने समाचार एजेंसी को बताया:

“मजहर औरंगाबाद में अपने एक दोस्त सलमान के निकाह में शामिल होने की बात कहकर घर से गया था। बाद में उसका मोबाइल बंद हो गया। मंगलवार को तड़के तीन बजे खुद को एटीएस का अधिकारी बताने वाले कुछ लोग उसके घर आए थे। उन्होंने घर की तलाशी लेकर कोना-कोना छान मारा था।”

ATS ने बताया कि उन्होंने कई दोनों से इन संदिग्ध आतंकियों पर नज़र रखी हुई थी और इसके लिए कई टीमों को तैनात किया गया था। गिरफ्तार संदिग्धों के खिलाफ IPC की धारा 120 बी के साथ आतंकी कानून यूएपीए की धाराएँ भी दर्ज़ की गई है। अभी इस बात का ख़ुलासा होना बाकी है कि ये सभी कहाँ-कहाँ आतंकी हमला करने की फ़िराक में थे।

आपको याद होगा कि दिसंबर 2018 में NIA 10 ने मुस्लिम युवकों को गिरफ़्तार किया था जो ISIS से प्रेरित मॉड्यूल बना कर किसी बड़े आतंकी हमले को अंजाम देने की फ़िराक में थे। उसके बाद से कई ऐसे मामले आ चुके हैं जिस से यह पता चला है कि आतंकी संगठन भारत के मुस्लिम युवकों को बरगला कर उन्हें आतंकवादी बनाने की कोशिश में जुटी है।

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